BREAKING NEWS
NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     KHABAR : 12 सितंबर को आयोजित होगी वर्ष 2026 की तीसरी.. <<     KHABAR : आईएफएमआईएस तकनीकी समस्याओं के समाधान के.. <<     NEWS : ग्रामीण सेवा शिविर में 9 लाभार्थियों को.. <<     BIG NEWS : सांवलियाजी मंदिर में वीआईपी एंट्री को.. <<     KHABAR : नशे के खिलाफ सड़कों पर उतरेगी नीमच पुलिस,.. <<     REPORT : समय-सीमा बैठक में कलेक्टर ने अधिकारियों.. <<     KHABAR : कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने की जनसुनवाई, 161.. <<     KHABAR : राष्ट्रीय विद्यार्थी दिवस पर एबीवीपी ने.. <<     BIG NEWS : मंदसौर की कोतवाली थाना पुलिस और रात का.. <<     KHABAR : पुलिस जनसुनवाई में 46 शिकायतों का मौके पर.. <<     BIG REPORT : जिला स्तरीय जनसुनवाई एवं सीएम.. <<     KHABAR : दबंगों ने रोका दलित-आदिवासी परिवारों का.. <<     NEWS : दलोट में राजीव गांधी ब्रिगेड का संगठन.. <<     KHABAR : जनसुनवाई में कलेक्टर गर्ग ने सुनी 83.. <<     KHABAR : वन स्टॉप सेंटर पर आयोजित हुआ जेंडर.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
November 30, 2024, 11:09 am
BIG NEWS : मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने जर्मनी में किया स्टटगार्ट स्थित स्टेट म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री का अवलोकन, सतपुड़ा क्षेत्र में ट्राइएसिक युग के जीवाश्मों पर शोध के लिए भारत-जर्मनी के बीच हुआ एमओयू, पढे़ खबर 

Share On:-

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्टटगार्ट स्थित स्टेट म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री का अवलोकन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के म्यूजियम पहुंचने पर प्रो. डॉ. लार्स क्रागमेन और उनकी टीम ने आत्मीय स्वागत किया। मध्यप्रदेश सरकार और जर्मनी के शोधकर्ताओं के बीच एक महत्वपूर्ण एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए हैं।


एमओयू से सतपुड़ा क्षेत्र में पाए गए ट्राइएसिक युग के जीवाश्मों पर संयुक्त शोध किया जा सकेगा। इससे भारतीय और जर्मन शोधकर्ता प्राचीन डाइनोसॉर और उनके समकालीन प्रजातियों के पारिस्थितिकी तंत्र को समझने में मदद करेंगे। यह शोध विशेष रूप से उन पारिस्थितिकीय स्थितियों को समझने के लिए महत्वपूर्ण होगा, जिनमें ये प्रजातियाँ पाई जाती थीं।


एमओयू हो जाने से अब सतपुड़ा क्षेत्र में नई खुदाई की जाएगी, जिससे ट्राइएसिक कॉन्टिनेंटल पर्यावरण और जलवायु के बारे में व्यापक जानकारी प्राप्त हो सकेगी। इस सहयोग का उद्देश्य जीवाश्मों की खुदाई, संरक्षण और प्रदर्शनी की प्रक्रिया को सुगम बनाना है। इसे मध्यप्रदेश के राज्य संग्रहालय के माध्यम से प्रदर्शित और प्रकाशित किया जाएगा। साथ ही वैश्विक शोधकर्ताओं के लिए इन जीवाश्मों पर अनुसंधान भी किया जाएगा।


स्टटगार्ट स्टेट म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री अधिकारिक रूप से 1791 में स्थापित किया गया था। यह जर्मनी के सबसे पुराने प्राकृतिक ऐतिहासिक म्यूजियमों में से एक है। इसमें प्राचीन जीवाश्म और डायनासोरों के अवशेषों का विशाल संग्रह है। इसमें लगभग ग्यारह मिलियन से अधिक वस्तुएं भी संग्रहित हैं।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE