भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज प्रदेश की एयर एंबुलेंस सेवा को और बेहतर बनाने के लिए अहम फैसले लेंगे। इसके लिए उन्होंने एक समीक्षा बैठक बुलाई है। बैठक में सड़क हादसों में घायलों को जल्दी अस्पताल पहुंचाने और रात में भी एयर एंबुलेंस सेवा शुरू करने जैसे फैसले लिए जाएंगे।
इसके साथ ही, एयर एंबुलेंस के लिए प्रदेश में अलग-अलग जोन बनाने को भी मंजूरी दी जा सकती है।
3 दिन पहले स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा था कि मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य है जहां मरीजों के लिए एयर एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध है। अब इस सुविधा का विस्तार किया जाएगा ताकि सड़क हादसों जैसी आपात स्थितियों में भी मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके। गंभीर घायलों को डॉक्टर और कलेक्टर की सलाह पर एयर एंबुलेंस से अस्पताल भेजने की व्यवस्था होगी।
रात में दो इंजन वाले हेलिकॉप्टर उड़ेंगे
अब रात में भी मरीजों को एयर एंबुलेंस सेवा देने की तैयारी है। इसके लिए दो इंजन वाले हेलिकॉप्टर इस्तेमाल किए जाएंगे, जो रात में उड़ान भर सकते हैं। इस पर सर्विस देने वाली कंपनी और स्वास्थ्य विभाग के बीच सहमति बन चुकी है।
मुख्यमंत्री अब इस पर अंतिम फैसला लेंगे। आयुष्मान कार्डधारकों के अलावा अन्य लोग भी तय शुल्क देकर इस सेवा का लाभ ले सकेंगे। इस सेवा के तहत 50 लाख रुपए तक का दुर्घटना बीमा भी मिलेगा।
एक साल में 60 लोगों को मिला फायदा, 80 प्रतिशत आयुष्मान कार्ड धारक
अब तक पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा से एक साल में 60 मरीजों को इलाज के लिए बड़े अस्पतालों में पहुंचाया गया है। इनमें से 80 प्रतिशत मरीज आयुष्मान कार्डधारी थे, जिन्हें यह सेवा निशुल्क दी गई।
गैर-आयुष्मान कार्डधारकों के लिए सेवा की कीमत लगभग दो लाख रुपए प्रति घंटे है। रात की सेवा की कीमत अभी तय नहीं हुई है, लेकिन ज्यादा बदलाव की संभावना नहीं है। आयुष्मान कार्डधारकों को यह सेवा 80 तरह की आपातकालीन स्थितियों में मिल रही है।