रायसेन। कलेक्ट्रेट परिसर में एक्सेस टू जस्टिस की कृषक सहयोग संस्थान ने बाल विवाह रोकने के लिए सोमवार को वार्ता रखी। कार्यक्रम में संस्था के निदेशक डॉ एच बी सेन ने कहा कि बाल विवाह रोकना सभी की जिम्मेदारी है।
जिला समन्वयक अनिल भवरे ने बताया कि 30 अप्रैल को अक्षय तृतीया पर अबूझ मुहूर्त के कारण बड़ी संख्या में विवाह होंगे। इस दौरान बाल विवाह की आशंका रहती है। धर्मगुरुओं से इस सामाजिक बुराई को रोकने का आग्रह किया जा रहा है।
गांव-गांव जाकर कर रहे जागरूक
संस्था पिछले 2 सालों से बाल विवाह मुक्त भारत अभियान में सहयोगी संस्था के रूप में काम कर रही है। जिले में प्रचार रथ गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक कर रहा है।
शिकायत के लिए 1098 हेल्पलाइन नंबर जारी
कानून के अनुसार लड़की की उम्र 18 और लड़के की उम्र 21 साल से कम होने पर विवाह नहीं हो सकता। बाल विवाह की जानकारी मिलने पर 1098 या 112 पर फोन करें। इसकी सूचना बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी, महिला बाल विकास, स्थानीय पुलिस या कृषक सहयोग संस्थान को दी जा सकती है। एक्सेस टू जस्टिस परियोजना का लक्ष्य 2030 तक भारत को बाल विवाह मुक्त बनाना है। इसके लिए जागरूकता और कानूनी जानकारी का प्रचार आवश्यक है।