नीमच। आरसीएमएस पोर्टल पर राजस्व प्रकरणों के निराकरण में नीमच जिले ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल किया है। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित राजस्व अधिकारियों की मासिक समीक्षा बैठक में यह जानकारी देते हुए सभी अधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यही कार्यप्रणाली और त्वरित गति बनाए रखते हुए आगे भी राजस्व प्रकरणों के समयबद्ध निराकरण को प्राथमिकता दें। बैठक में वनमंडलाधिकारी एस.के. अटोड़े, एडीएम बी.एस. कलेश, सभी एसडीएम, डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार और नायब तहसीलदार उपस्थित रहे।
कलेक्टर चंद्रा ने नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, विवादित नामांतरण एवं बटांकन सहित सभी प्रकरणों की तहसीलवार समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक तहसीलदार नामांतरण एवं बंटवारा प्रकरणों का 95 प्रतिशत तक निराकरण सुनिश्चित करें। सीमांकन प्रकरण भी समय-सीमा में अनिवार्य रूप से निपटाए जाएं।
उन्होंने सभी तहसीलदारों को नक्शा तरमीम कार्य को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने बताया कि शासन द्वारा शीघ्र ही राजस्व महाअभियान प्रारंभ किया जा रहा है, जिसके सफल क्रियान्वयन हेतु तैयारी अभी से सुनिश्चित की जाए। फार्मर रजिस्ट्री, आरओआर-लिंकिंग और खसरा ई-केवाईसी का शत-प्रतिशत सेचुरेशन भी समय पर पूरा किया जाए।
बैठक में नए राजस्व ग्राम निर्माण, वन प्रबंधन, अतिवृष्टि प्रभावितों को राहत राशि वितरण, मार्ग विवादों का समाधान, भू-राजस्व एवं डायवर्सन की वसूली, परंपरागत एवं शासकीय मार्गों से जुड़े विवादों का निराकरण और अतिक्रमण प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि राजस्व संबंधी सभी विवादों का निराकरण राजस्व न्यायालयों में निर्धारित समय-सीमा में किया जाए। साथ ही न्यायालयों में प्रचलित प्रकरणों में जवाबदृदावा समय पर प्रस्तुत करने के लिए सभी राजस्व अधिकारियों व प्रभारी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।