खरगोन। विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर शनिवार को जिले में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर दिवस उत्सव के रूप में मनाया गया। जिला मुख्यालय पर सर्व आदिवासी समाज की ओर से भव्य सांस्कृतिक रैली निकाली गई। पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे समाजजन रैली में शामिल हुए और समाज की एकता व संस्कृति के संरक्षण का संदेश दिया।
रैली में कई समाजजन हाथों में तीर-कमान लेकर शामिल हुए। वहीं सुसज्जित बग्घी में जननायक टंट्या मामा भील का आदमकद चित्र आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। रैली में युवाओं ने समाज के जननायकों के चित्र और तिरंगा हाथों में लेकर सहभागिता की।
आयोजन समिति के अनुसार सुबह 11 बजे समाजजन टंट्या नायक भील चौराहे पर एकत्रित हुए। यहां से “जय जौहार, जय आदिवासी” के जयघोष के साथ रैली प्रारंभ हुई। रैली शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए कृषि उपज मंडी पहुंची।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी समाज को अपनी संस्कृति, परंपराओं और अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होकर आगे बढ़ना चाहिए। रैली के माध्यम से समाज में एकता, जागरूकता और अपनी सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने का संदेश दिया गया। आयोजन में बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद रहे।