नीमच। मालवा की पावन धरा पर बसे नीमच नगर में रविवार को ऐतिहासिक और आध्यात्मिक आयोजन का भव्य दृश्य देखने को मिला। श्री आदिनाथ जिनालय, जिनकुशलसूरि दादावाड़ी एवं श्री शंखेश्वर पद्मावती धाम, शक्ति नगर में आयोजित प्रतिष्ठा महोत्सव के अंतर्गत नवीन प्रतिमाओं के नगर प्रवेश पर निकले विराट वरघोड़े ने पूरे शहर को भक्ति, उल्लास और दिव्यता से सराबोर कर दिया।
यह भव्य शोभायात्रा परम पूज्य गच्छाधिपति आचार्य जिनमणिप्रभसूरीश्वरजी के पावन सानिध्य एवं साधु-साध्वी भगवंतों की निश्रा में निकाली गई।
जैन भवन से प्रारंभ हुआ वरघोड़ा शहर के प्रमुख मार्गों-महेश सर्कल, कमल चौक, बारादरी, घंटाघर एवं पुस्तक बाजार से होते हुए पुनः जैन भवन पहुंचा। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने नवीन प्रतिमाओं एवं गुरु भगवंतों के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। जगह-जगह स्वागत, पुष्पवर्षा और जयघोषों से वातावरण भक्तिमय हो उठा।
महोत्सव के अंतर्गत नवकारसी, गुरु भगवंतों का मंगल प्रवेश तथा विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों की श्रृंखला प्रारंभ हो चुकी है। इनमें दशादिकपाल पूजन, नवग्रह पूजन, अष्टमंगल पूजन एवं सत्तर भेदी पूजन जैसे विशेष कार्यक्रम शामिल हैं।
आयोजनकर्ताओं के अनुसार 24 अप्रैल को भव्य प्राण-प्रतिष्ठा समारोह इस महोत्सव का मुख्य आकर्षण रहेगा, जबकि 20 अप्रैल को वर्षीतप तपस्वियों का विशेष वरघोड़ा भी श्रद्धा एवं भक्ति के साथ निकाला जाएगा।