नीमच। ‘गो सम्मान आह्वान अभियान’ के तहत सोमवार को गोभक्तों, गौसेवकों और नागरिकों ने विभिन्न मांगों को लेकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। संयुक्त तहसील भवन में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को दिया गया।
इस दौरान संत समाज, गौसेवकों और नागरिकों ने रोटरी भवन से संयुक्त तहसील भवन तक पैदल मार्च निकाला। हाथों में तख्तियां लेकर निकले लोगों ने गोवंश संरक्षण के समर्थन में नारे लगाए।
ज्ञापन में देशी गोवंश को “राष्ट्रमाता” एवं “राष्ट्र आराध्या” का संवैधानिक दर्जा देने, केंद्र स्तर पर गोसेवा मंत्रालय स्थापित करने तथा एकीकृत गो संरक्षण कानून बनाने की मांग की गई।
अभियान के प्रतिनिधियों ने कहा कि तस्करी, दुर्घटनाओं और संरक्षण की कमी के कारण देशी गायों की संख्या घट रही है। ऐसे में ठोस नीति और कानूनी संरक्षण आवश्यक है। ज्ञापन के साथ करीब 11 हजार गोभक्तों के हस्ताक्षरयुक्त समर्थन पत्र भी प्रशासन को सौंपे गए।
इसके अलावा गोवंश तस्करी को गैर-जमानती अपराध घोषित करने, हर ग्राम पंचायत में नंदीशाला, जिला स्तर पर गो अभ्यारण्य, राजमार्गों पर गो एम्बुलेंस सुविधा, चारा सुरक्षा कानून तथा शिक्षा में गो-विज्ञान शामिल करने जैसी मांगें भी रखी गईं।
अभियान पदाधिकारियों ने कहा कि यह प्रयास राष्ट्रहित और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए किया जा रहा है।