सरवानियां महाराज/जावद। गो माता को राष्ट्रीय सम्मान दिलाने की मांग को लेकर सरवानियां महाराज क्षेत्र आज ऐतिहासिक रूप से स्वेच्छिक बंद रहा। गो भक्तों के आह्वान पर पूरे नगर में जनसमर्थन देखने को मिला।
सुबह से ही गो भक्त धामनिया लासूर चौराहा स्थित श्री काल भैरव मुक्ति धाम परिसर में एकत्रित हुए और यहां से विशाल रैली के रूप में जावद के लिए रवाना हुए। रैली प्रातः लगभग 10.30 बजे प्रारंभ हुई, जो नीमच-सिंगोली मुख्य मार्ग, दरवाजा पिपली चौक, जावी चौराहा, बस स्टैंड, आंकली रोड होते हुए ग्राम मुकुंदपुरा, बरखेड़ा मीणा, नानपुरिया मार्ग से जावद कृषि उपज मंडी प्रांगण पहुंची।
इसके बाद अन्य क्षेत्रों से आए गो भक्तों के साथ मिलकर रैली ने उपखंड कार्यालय जावद तक पैदल मार्च किया, जहां राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन तहसीलदार नवीन गर्ग को सौंपा गया।
ज्ञापन में गो माता को राष्ट्रमाता घोषित करने सहित विभिन्न मांगों को प्रमुखता से रखा गया। ज्ञापन का वाचन आदिनाथ गो रक्षा केंद्र मोरवन के अध्यक्ष विमल जैन (पत्रकार) द्वारा किया गया, जबकि आभार तहसील अध्यक्ष रूपलाल पाटीदार ने व्यक्त किया।
रैली में बड़ी संख्या में वाहन शामिल रहे, जिनमें फोर व्हीलर, टू व्हीलर और ट्रैक्टर-ट्रॉली की लंबी कतार देखी गई। पूरे मार्ग में गो माता के सम्मान में जयघोष गूंजते रहे।
महिलाओं ने भी बड़ी संख्या में भाग लेकर गो वंश संरक्षण के प्रति अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। माताओं-बहनों ने भी पैदल चलकर जावद तक रैली में सहभागिता निभाई।
जावद कृषि उपज मंडी प्रांगण में बछड़ी की पूजा-अर्चना कर पैदल मार्च का शुभारंभ किया गया।
तहसीलदार नवीन गर्ग ने ज्ञापन प्राप्त करते हुए उपस्थित गो भक्तों से कहा कि पशुपालकों को अपने मवेशियों को लावारिस छोड़ने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे सड़क दुर्घटनाएं बढ़ती हैं और आमजन को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि आवश्यक होने पर पशुओं को गोशालाओं में सुपुर्द किया जाए ताकि उनकी उचित देखभाल हो सके।