नीमच। आसमान से बरसती आग और तपती धरती के बीच जहां इंसान ठंडे पानी की तलाश में भटक रहा है, वहीं बेजुबान पशु-पक्षियों के लिए पानी की एक बूंद भी जीवनदान बन गई है। ऐसे कठिन समय में मध्यप्रदेश की सामाजिक संस्था बीआर फाउंडेशन पिछले सात वर्षों से सेवा और संवेदनशीलता की मिसाल पेश करते हुए जीव-जंतुओं की प्यास बुझाने का अभियान चला रही है। इसी क्रम में रविवार को संस्था ने रामपुरा नगर में आमजन को निःशुल्क सकोरे वितरित कर पक्षियों के लिए दाना-पानी रखने का संदेश दिया।
जिलाध्यक्ष ने हरी झंडी दिखाकर किया अभियान का शुभारंभ-
कार्यक्रम की शुरुआत लालबाग चौक से हुई, जहां संस्था के जिला अध्यक्ष कमलेश भमरोठा ने हरी झंडी दिखाकर अभियान का शुभारंभ किया। इसके बाद संस्था के पदाधिकारियों ने नगर के विभिन्न बाजारों, दुकानों और सार्वजनिक स्थलों पर निःशुल्क सकोरे वितरित किए। साथ ही लोगों को गर्मी के दिनों में अपने घरों, छतों और आसपास पक्षियों के लिए पानी एवं दाना रखने की अपील की गई।
आयुर्वेदिक एवं फूलों के पौधों के बीज भी वितरित
संस्था ने सकोरों के साथ आयुर्वेदिक एवं फूलों के पौधों के बीज भी वितरित किए। पदाधिकारियों ने बताया कि बारिश के मौसम में इन सकोरों में बीज रोपित कर पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा दिया जा सकेगा। अभियान के दौरान नगर के प्रमुख सार्वजनिक एवं प्रशासनिक स्थानों पर भी सकोरे बांधे गए तथा उनमें प्रतिदिन पानी भरने का संकल्प लिया गया।
बेजुबानों के लिए पानी की व्यवस्थ हर नागरिक का कर्तव्य-
संस्था के संस्थापक कृष्णा परिहार ने कहा कि भीषण गर्मी में पक्षियों और बेजुबान पशुओं के लिए पानी की व्यवस्था करना हर नागरिक का नैतिक दायित्व है। यदि हर व्यक्ति अपने घर के बाहर एक सकोरा रख दे, तो हजारों पक्षियों की जान बचाई जा सकती है।
यह रहे मौजूद-
इस अवसर पर संस्था के नीमच जिला अध्यक्ष समीर मंसूरी, जिला महासचिव सुनील सोलंकी, जिला सचिव विशाल तोसावत, रामपुरा तहसील अध्यक्ष नितिन घावरी, मनासा तहसील अध्यक्ष मनोज राव, उपाध्यक्ष विष्णु मालवीय, मीडिया प्रभारी अर्जुन मालवीय, कोषाध्यक्ष दीपांशु झाब, तहसील सचिव कुशाल मालवीय, सह सचिव यशवंत रेगर, सोशल मीडिया प्रभारी मनीष सूर्यवंशी सहित बड़ी संख्या में नगरवासी, पत्रकार एवं संस्था सदस्य उपस्थित रहे।