चित्तौड़गढ़। मेवाड़ की वीरता, त्याग और बलिदान की गौरवशाली गाथा अब अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचेगी। विदेश मंत्रालय, भारत सरकार की सार्वजनिक कूटनीतिक पहल के तहत भारत भ्रमण पर आए 18 देशों के 36 सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स एवं कंटेंट क्रिएटर्स ने सोमवार को विश्वविख्यात चित्तौड़गढ़ दुर्ग का भ्रमण किया और यहां की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत को करीब से जाना।
प्रतिनिधिमंडल ने दुर्ग स्थित कुंभा महल, विजय स्तंभ, जौहर श्रद्धांजलि स्थल और पद्मिनी महल सहित प्रमुख ऐतिहासिक स्थलों का अवलोकन किया। इस दौरान उन्हें मेवाड़ के गौरवशाली इतिहास, राजपूत वीरता, स्वाभिमान, त्याग और बलिदान की गाथाओं से अवगत कराया गया। दुर्ग की भव्य स्थापत्य कला और ऐतिहासिक स्मारकों ने विदेशी मेहमानों को खासा प्रभावित किया। उन्होंने विभिन्न स्थलों के फोटो और वीडियो भी अपने कैमरों में कैद किए।
तिरंगा यात्रा और स्वीप गतिविधियों के बने साक्षी-
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने चित्तौड़गढ़ में आयोजित तिरंगा यात्रा और स्वीप (SVEEP) गतिविधियों में भी सहभागिता की। हाथों में तिरंगा लेकर निकली यात्रा और लोकतांत्रिक जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से उन्होंने भारत की राष्ट्रभावना और लोकतांत्रिक संस्कृति की झलक देखी। इन गतिविधियों को भी उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के लिए रिकॉर्ड किया।
सोशल मीडिया के जरिए दुनिया तक पहुंचेगी मेवाड़ की कहानी
इन अंतरराष्ट्रीय कंटेंट क्रिएटर्स के माध्यम से चित्तौड़गढ़ दुर्ग की ऐतिहासिक विरासत, मेवाड़ की शौर्यगाथा और पर्यटन संभावनाएं विश्वभर के दर्शकों तक पहुंचेंगी। इससे चित्तौड़गढ़ को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर और अधिक पहचान मिलने की उम्मीद है।
उदयपुर के बाद चित्तौड़गढ़, अब जयपुर का दौरा-
36 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 9 से 16 अगस्त तक राजस्थान के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण कर रहा है। 9 अगस्त को नई दिल्ली से उदयपुर पहुंचने के बाद सोमवार को प्रतिनिधिमंडल ने चित्तौड़गढ़ दुर्ग का दौरा किया। इसके बाद दल जयपुर रवाना होगा, जहां से 16 अगस्त को सदस्य अपने-अपने देशों के लिए प्रस्थान करेंगे।
पर्यटन विभाग ने की व्यवस्थाएं-
दुर्ग भ्रमण के दौरान पर्यटन विभाग की ओर से आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं। सहायक निदेशक पर्यटन विवेक जोशी सहित पर्यटन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, पुलिस जवान एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे और प्रतिनिधिमंडल को आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया।