नीमच। आमजन की समस्याओं को सुनने के साथ उनके त्वरित और समयबद्ध समाधान पर जिला प्रशासन का विशेष जोर है। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा की सतत निगरानी में जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों की नियमित समीक्षा की जा रही है। आवश्यकता के अनुसार अधिकारियों को मौके पर भेजकर कार्रवाई कराई जा रही है, ताकि लोगों को केवल आश्वासन नहीं, बल्कि वास्तविक राहत मिल सके। प्रशासन के अनुसार, पिछले ढाई वर्षों में जनसुनवाई के दौरान कुल 11,828 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 10,940 प्रकरणों का निराकरण किया जा चुका है। इस तरह कुल प्राप्त आवेदनों में 92.49 प्रतिशत प्रकरणों का समाधान होने का दावा किया गया है।
मौके पर कार्रवाई कर खुलवाए रास्ते-
जनसुनवाई से जुड़ी शिकायतों के निराकरण में मैदानी कार्रवाई को प्राथमिकता दी जा रही है। ग्राम सेमलीजागीर में रास्ते को लेकर प्राप्त शिकायत पर पटवारी ने मौके का निरीक्षण किया। ग्राम पंचायत के सहयोग से आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराकर रास्ता खुलवाया गया और शिकायत का निराकरण किया गया। इसी तरह ग्राम बामनी में निजी भूमि तक आने-जाने के रास्ते को लेकर शिकायत प्राप्त हुई थी। राजस्व एवं पुलिस अमले की मौजूदगी में मौके पर कार्रवाई करते हुए बाधित रास्ता खुलवाया गया।
फसल बीमा की शिकायत पर किसान को मिले 44,974 रुपए-
जनसुनवाई के माध्यम से समस्या के समाधान का एक उदाहरण ग्राम कड़ी बुजुर्ग, तहसील मनासा निवासी गोपाल पिता भंवरलाल गुर्जर का है। आवेदक ने 11 अगस्त को जनसुनवाई में आवेदन देकर बताया था कि वर्ष 2024-25 में फसल बीमा कराने के बावजूद फसल नुकसान की राशि प्राप्त नहीं हुई।
प्रकरण में जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक, नीमच से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर कार्रवाई की गई। इसके बाद प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 44,974 रुपए की राशि 14 अगस्त 2026 को आवेदक को भुगतान की गई। प्रशासन ने इसे जनसुनवाई के माध्यम से किसान को योजना का लाभ दिलाने का उदाहरण बताया है।
रेडक्रॉस और पेंशन प्रकरणों में भी राहत-
जनसुनवाई के माध्यम से जरूरतमंद आवेदकों को रेडक्रॉस के जरिए आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। पेंशन से जुड़े प्रकरणों में भी कार्रवाई कर पात्र हितग्राहियों को लाभ दिलाया गया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं से संबंधित शिकायतों का परीक्षण कर पात्र हितग्राहियों को लाभ दिलाने की कार्रवाई की जा रही है।
आज 121 आवेदकों की सुनी समस्याएं-
इसी क्रम में 8 सितंबर 2026 को कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जनसुनवाई के दौरान 121 आवेदकों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक आवेदन पर गंभीरता से कार्रवाई करते हुए निर्धारित समय-सीमा में संतुष्टिपूर्वक निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में मंदिर भूमि के नामांतरण, कुएं से सिंचाई, शासकीय रास्ते से अतिक्रमण हटाने, चरनोई भूमि से अतिक्रमण हटाने, विवाद एवं मारपीट, फसल बीमा की राशि, भूमि की धोखाधड़ीपूर्ण रजिस्ट्री तथा धार्मिक कार्यक्रम के लिए छोड़ी गई भूमि पर अवैध निर्माण सहित विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन प्राप्त हुए।
कई विभागों में लंबित प्रकरण शून्य-
प्रशासन के अनुसार जनसुनवाई की नियमित मॉनिटरिंग के परिणामस्वरूप कई विभागों में प्राप्त सभी प्रकरणों का निराकरण कर लंबित मामलों की संख्या शून्य की गई है। इनमें एडीएम, कृषि, अजाक थाना, भू-अर्जन अधिकारी, बीएमओ मनासा, सीएमओ डीकेन, सीएमओ कुकड़ेश्वर, सीआरपीएफ, सीएसपी, पीएचई, आबकारी, उद्यानिकी, पेंशन कार्यालय और रोजगार विभाग सहित कई विभाग शामिल हैं।
सुनवाई के साथ समाधान पर जोर-
जनसुनवाई से जुड़े आंकड़ों और मौके पर किए गए निराकरण को प्रशासन आमजन की समस्याओं के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बता रहा है। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा की निगरानी में विभागीय समन्वय, नियमित समीक्षा और मैदानी कार्रवाई के जरिए जनसुनवाई को समस्या सुनने से लेकर समाधान तक पहुंचाने वाली व्यवस्था के रूप में प्रभावी बनाने पर जोर दिया जा रहा है।