मंदसौर। सेवा संकल्प अभियान के तहत मंदसौर के पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) में उपचार और पोषण देखभाल से 4 वर्षीय बालिका इल्माशाह की सेहत में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उपचार के बाद बालिका अब नॉर्मल ग्रेड में आ गई है।
मंदसौर निवासी आबाद शाह और मुस्कान की बेटी इल्माशाह जब करीब 2 वर्ष की थी, तब वह काफी कमजोर थी। गृह भेंट के दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की नजर बालिका पर पड़ी। इसके बाद उसे एनआरसी केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उसकी आवश्यक जांचें की गईं। जांच में बालिका के टीबी से पीड़ित होने की जानकारी सामने आई।
एनआरसी केंद्र के माध्यम से बालिका को छह माह का उपचार दिया गया। उपचार एवं पोषण देखभाल के बाद उसकी स्थिति में सुधार हुआ और वह एसएएम (SAM) से एमएएम (MAM) श्रेणी में आ गई। इसके बाद बालिका नियमित रूप से आंगनवाड़ी केंद्र जाने लगी, जहां उसे नाश्ता, भोजन और हॉट मील उपलब्ध कराया जाता रहा।
करीब 3 वर्ष की उम्र में बुखार आने के कारण बालिका का वजन फिर कम हो गया। इस पर उसकी माता को समझाइश देकर सितंबर माह में उसे दोबारा एनआरसी केंद्र में भर्ती कराया गया। उस समय बालिका का वजन 9.900 किलोग्राम था। उपचार और पोषण देखभाल के बाद अब उसका वजन बढ़कर 10.800 किलोग्राम हो गया है और वह नॉर्मल ग्रेड में आ गई है।
इल्माशाह की माता अब अपने वार्ड की अन्य महिलाओं को भी एनआरसी केंद्र में बच्चों को भर्ती कराने और उपचार एवं पोषण सेवाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित कर सहयोग कर रही हैं। यह बदलाव उचित उपचार, पोषण देखभाल और परिवार के सहयोग से बाल स्वास्थ्य में सुधार की एक सकारात्मक मिसाल है।