रतलाम। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में कांग्रेस ने गुरुवार को रतलाम में काला दिवस मनाया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हाथों में संविधान की किताब लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के पुतले की अंतिम यात्रा निकाली और आंबेडकर सर्कल पहुंचकर पुतला जलाया।
पुतला जलाते ही उसे बुझाने के लिए फायर लॉरी पहुंची। महिला कांग्रेस नेत्रियां फायर लॉरी के सामने खड़ी हो गईं। इसके बावजूद फायर लॉरी से पानी की बौछार की गई, जिससे प्रदर्शनकारी तितर-बितर हो गए। कांग्रेसी फव्वारा चौक पर एकत्र हुए। यहां ज्ञानेश कुमार के पुतले की अर्थी सजाई गई। इसके बाद केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ता आंबेडकर सर्कल पहुंचे।
कांग्रेस कार्यकर्ता पुतले को कंधे पर उठाकर चल रहे थे। आंबेडकर सर्कल पर पुतले पर फोटो लगाकर उसे आग के हवाले किया गया। इसी दौरान पीछे से फायर लॉरी ने पानी की बौछार शुरू कर दी। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लोकतंत्र और संविधान पर लगातार किए जा रहे हमलों के विरोध में काला दिवस मनाया गया। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और भारत ब्लॉक के सांसदों के साथ हुए कथित दुर्व्यवहार और लाठीचार्ज का विरोध किया।
नेताओं ने कहा कि निर्वाचन आयोग की जवाबदेही तय करने की मांग को लेकर कांग्रेस अपनी आवाज उठाती रहेगी। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए सीएसपी सत्येंद्र घनघोरिया, स्टेशन रोड थाना प्रभारी मुनेंद्र गौतम, माणक चौक थाना प्रभारी विक्रम सिंह चौहान और डीडी नगर थाना प्रभारी अनुराग यादव पुलिस बल के साथ मौजूद रहे।