नीमच। संविदा स्वास्थ्य कर्मियों की क्रमिक भूख हड़ताल को 9 दिन पूरे हो गए। किंतु इनकी मांगों पर सत्ता पक्ष गौर करने को तैयार नहीं है। नीमच के करीब 350 संविदा कर्मी लगातार अपनी हड़ताल जारी रखे हुए हैं। इनके द्वारा जिला चिकित्सालय पर धरना जारी है। पिछले 9 दिनों से क्रमवार प्रतिदिन 3 संविदा कर्मी भूखे प्यासे बैठकर अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखते हुए अपनी मांगे मनवाने की कोशिश में जुटे हुए हैं।
ज्ञात रहे कि विगत कई सालो से संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी 2013 से लगातार अपनी मांगों को लेकर आवाज उठा रहे हैं, लेकिन शासन प्रशासन द्वारा हर बार आश्वासन दिया जाता है, लेकिन मांगों को पूरा नहीं किया जाता है। 2018 में भी 42 दिन की हड़ताल की गई थी, उस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा खुद स्वीकार किया गया था कि संविदा एक शोषित प्रथा है, जिसे मैं जल्द समाप्त करूंगा, इसके लिए मैं वचनबद्ध हूं। लेकिन स्वास्थ्य विभाग के एनएचएम के संविदा कर्मियों आज भी संविदा का दंश झेल रहे हैं। इस सम्बंन्ध में समान्य प्रशासन विभाग ने 5 जून 2018 को सामान प्रशासन विभाग द्वारा एक नीति भी बनाई गई थी, जिसमे रेगुलर कर्मचारियों के समकक्ष जिला स्वास्थ्य समिति एवं राज्य स्वास्थ्य समिति के कर्मचारियों को 90 प्रतिशत वेतनमान दिया जाए।
हाल ही में 15 दिसंबर 2022 से 3 जनवरी तक अनिश्चितकालीन हड़ताल की गई थी, उस दौरान स्वास्थ्य मंत्री और विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की मध्यस्था के चलते बैठक की गई थी, जिसमे 1 माह के भीतर मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया गया था। आश्वासन के अनुसार मांगे पूरी ना होने के बाद संविदा कर्मी फिर हड़ताल पर बैठ गए। इनके हड़ताल पर जाने से स्वास्थ्य विभाग की अनेक सेवाएं प्रभावित हो रही है।