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September 27, 2024, 4:51 pm
BIG REPORT : मौसम ने फिर बदली करवट, आसमानी चकाचौंध बिजली और गर्जना के साथ आसमान से बरसी आफत की बारिश, खेतों में भारी नुकसान, किसान हुआ परेशान, भगत मांगरिया की खबर 

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चीताखेड़ा। शुक्रवार को अल सुबह से ही तेज धूप के साथ उमस भरी गर्मी से आमजन खासा परेशान दिखा। जाते-जाते मौसम ने एक बार फिर पलटवार करते हुए दोपहर बाद आसमान में काली घटाएं उमड़ पड़ी और गरज चमक के साथ आधे घंटे तक तेज आफत की बारिश चली। किसानों के खेतों में इन दिनों खरीफ सीजन की बेशकीमती मुख्य पिला सोना कहे जाने वाली सोयाबीन की फसलों की कटाई का कार्य चल रहा है, ऐसे समय आफत बनकर आई बारिश ने फसलों को भिगो दिया और खेतों में पानी भर गया। 

चीताखेड़ा में आज दिवस 27 सितम्बर 2024 शुक्रवार को दोपहर 1.15 बजे कड़ाके की आसमानी गर्जना और बिजली की चकाचौंध के साथ झमाझम बारिश शुरू हुई जो लगातार आधे घंटे तक चली। शाम 4 बजे बाद तक भी रिमझिम बारिश लगातार चल रही थी। पीला सोना कहे जाने वाली सोयाबीन फसल जो पककर सुख चुकी फसलें कटकर खेतों में पुलिया ( कोरिया) पड़ी हुई है उसमें भारी नुक़सान हैं ।लेकिन यह बारिश वर्तमान में खरीफ सीजन की सोयाबीन सहित सभी खड़ी फसलों में कोई असर नहीं पड़ेगा।इन फसलों के लिए तो यह बारिश बुढ़े को चवनप्राश खिलाने के समान ही नुकसान दायक है। पर आगामी रबी सीजन की फसलों के लिए लाभदायक है। जिस समय फसलों को बारिश की आवश्यकता थी उस समय तो आई नहीं और इधर इल्लियों का हमला फिर पीला मोजेक बिमारी से बचाव हेतु दवाईयों का छिड़काव किया, फिर भी कंट्रोल नहीं हुई परेशानी। सोयाबीन फसलों की पैदावारी प्रभावित हुई है। डेढ़ से दो बोरी प्रति बीघा सोयाबीन की पैदावारी हो रही है। लाभ की नहीं घाटे की खेती बनकर रह गई है।

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