चित्तौड़गढ़। श्रावण मास में आयोजित होने वाली कांवड़ यात्राओं एवं 12 अगस्त 2026 को हरियाली अमावस्या पर्व के अवसर पर जिले के प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों पर श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं।
जिला मजिस्ट्रेट डॉ. मंजू ने बताया कि कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए संबंधित उपखंड मजिस्ट्रेटों को उनके क्षेत्र में ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है। वहीं संबंधित तहसीलदार एवं कार्यपालक मजिस्ट्रेटों को सहायक ड्यूटी मजिस्ट्रेट की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने बताया कि चित्तौड़गढ़ दुर्ग, श्री सांवलियाजी मंदिर मंडफिया, निलिया महादेव, मातृकुंडिया एवं मेनाल सहित जिले के प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों पर विशेष निगरानी एवं सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
सभी नियुक्त अधिकारियों को पुलिस प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर कानून व्यवस्था बनाए रखने, श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने तथा पर्व के दौरान मुख्यालय पर उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही राजस्व एवं विकास विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को भी मुख्यालय पर उपलब्ध रहने के लिए निर्देशित किया गया है।
जिला मजिस्ट्रेट ने निर्देश दिए कि किसी भी अप्रिय स्थिति की सूचना मिलने पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई करते हुए पुलिस कंट्रोल रूम एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) को अवगत कराया जाए।
उन्होंने बताया कि अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन), चित्तौड़गढ़ को संपूर्ण व्यवस्थाओं का प्रभारी नियुक्त किया गया है। वे संबंधित विभागों एवं पुलिस अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाओं की सतत निगरानी करेंगे तथा जिले में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखना सुनिश्चित करेंगे।