कुकड़ेश्वर। प्राचीन नगरी कुकड़ेश्वर अपनी धार्मिक, ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत के लिए प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर में विशेष पहचान रखती है। यहां स्थित भगवान श्री सहस्त्रमुखेश्वर महादेव मंदिर, 108 पार्श्वनाथ जिनालय, मेमाबाई दरगाह सहित कई धार्मिक एवं दर्शनीय स्थल प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। इसके अलावा कुकड़ेश्वर का पान भी अपनी विशिष्ट गुणवत्ता के कारण देशभर में प्रसिद्ध है।
इसके बावजूद नगर में प्रमुख धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों तक पहुंचने के लिए कोई मार्गदर्शक संकेतक (साइन बोर्ड) उपलब्ध नहीं है। ऐसे में बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ता है तथा उन्हें स्थानीय लोगों से रास्ता पूछना पड़ता है।
नगर के नागरिक बंशीलाल वर्दीचंद सहित अन्य लोगों ने नगर परिषद से मांग की है कि बस स्टैंड एवं प्रमुख चौराहों पर प्रमुख दर्शनीय स्थलों की दिशा और दूरी दर्शाने वाले संकेतक बोर्ड लगाए जाएं। उनका कहना है कि इससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुविधा मिलेगी, नगर के पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा कुकड़ेश्वर की समृद्ध धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत का व्यापक प्रचार-प्रसार हो सकेगा।