रतलाम। जिले में प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। आलोट में पदस्थ तत्कालीन नायब तहसीलदार के कार्यकाल से जुड़े मामलों में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर कलेक्टर ने सख्त कदम उठाते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
जारी आदेश के अनुसार, 21 अप्रैल 2026 को हुई एक आत्महत्या से जुड़े प्रकरण की जांच के दौरान नामांतरण से संबंधित कई मामलों का अवलोकन किया गया। जांच में पाया गया कि संबंधित प्रकरणों में मध्यप्रदेश राजस्व संहिता के अंतर्गत निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया था। दस्तावेजों में कई गंभीर कमियां सामने आई हैं, जिससे पूरे मामले की निष्पक्ष और सूक्ष्म जांच आवश्यक मानी गई।
प्रशासन ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तत्कालीन नायब तहसीलदार सविता राठौर (वर्तमान पदस्थापना दृ भू-संसाधन प्रबंधन कार्यालय, रतलाम) के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई प्रस्तावित की। प्रथम दृष्टया यह आचरण मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम 1985 के तहत कदाचार की श्रेणी में पाया गया।
इसी के चलते मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमों के तहत राठौर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) कार्यालय, रतलाम शहर निर्धारित किया गया है।
बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई संभाग आयुक्त के अनुमोदन के बाद की गई है। प्रशासन द्वारा पूरे मामले की गहन जांच जारी है, जिससे आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।