चित्तौड़गढ़। सैनिक स्कूल चित्तौड़गढ़ में आयोजित अखिल भारतीय आईपीएससी (इंडियन पब्लिक स्कूल्स कॉन्फ्रेंस) फुटबॉल टूर्नामेंट (अंडर-14 बालिका वर्ग) का शुक्रवार को उत्साहपूर्ण वातावरण में भव्य समापन हुआ। प्रतियोगिता का आयोजन स्कूल के प्राचार्य कर्नल अनिल देव सिंह जसरोटिया, उप प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल पारुल श्रीवास्तव एवं प्रशासनिक अधिकारी मेजर सी श्रीकुमार के निर्देशन में किया गया। तीन दिवसीय इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता का शुभारंभ 6 मई को हुआ था, जिसमें देश के विभिन्न राज्यों से आई प्रतिभाशाली छात्राओं ने खेल कौशल, अनुशासन एवं खेल भावना का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। समापन समारोह की मुख्य अतिथि चित्तौड़गढ़ की जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट डॉ. मंजू रहीं। कार्यवाहक प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल पारुल श्रीवास्तव एवं प्रशासनिक अधिकारी मेजर सी श्रीकुमार ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया।
स्कूल के जनसंपर्क अधिकारी बाबूलाल शिवरान ने बताया कि प्रतियोगिता में देश के प्रतिष्ठित विद्यालयों की कुल सात टीमों ने भाग लिया। इनमें मोतीलाल नेहरू स्कूल ऑफ स्पोर्ट्स, राय (हरियाणा), संस्कार वैली स्कूल, भोपाल (मध्य प्रदेश), सिंधिया कन्या विद्यालय, ग्वालियर (मध्य प्रदेश), हैदराबाद पब्लिक स्कूल, बेगमपेट (तेलंगाना), सैनिक स्कूल चित्तौड़गढ़ (राजस्थान), पाइन ग्रोव स्कूल, सोलन (हिमाचल प्रदेश) तथा विद्या देवी जिंदल स्कूल, हिसार (हरियाणा) शामिल रहे। प्रतियोगिता के दौरान सभी टीमों के बीच बेहद रोमांचक मुकाबले हुए, जिनमें खिलाड़ियों ने अनुशासन, समर्पण और खेल भावना का परिचय दिया। प्रतियोगिता में मेजबान सैनिक स्कूल चित्तौड़गढ़ की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 12 अंकों के साथ चौंपियनशिप ट्रॉफी अपने नाम की। टीम ने पूरे टूर्नामेंट के दौरान बेहतरीन तालमेल, आक्रामक खेल और मजबूत रक्षा पंक्ति का प्रदर्शन किया। मोतीलाल नेहरू स्कूल ऑफ स्पोर्ट्स, राय (हरियाणा) की टीम उपविजेता रही, जबकि विद्या देवी जिंदल स्कूल, हिसार (हरियाणा) ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
व्यक्तिगत प्रदर्शन में सैनिक स्कूल चित्तौड़गढ़ की कैडेट किशोरी पाण्डेय को उनके शानदार खेल प्रदर्शन के लिए “बेस्ट प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट” घोषित किया गया। वहीं मोतीलाल नेहरू स्कूल ऑफ स्पोर्ट्स, राय (हरियाणा) की मानसी को उत्कृष्ट गोलकीपिंग के लिए “बेस्ट गोलकीपर” पुरस्कार प्रदान किया गया।
मुख्य अतिथि डॉ. मंजू ने अपने संबोधन में खिलाड़ियों के उत्साह, अनुशासन और खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि खेल जीवन का अभिन्न हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक रूप से सशक्त नहीं बनाते, बल्कि मानसिक दृढ़ता, नेतृत्व क्षमता, समय प्रबंधन, सहनशीलता और टीमवर्क जैसे महत्वपूर्ण गुणों का विकास भी करते हैं। उन्होंने छात्राओं को निरंतर अभ्यास, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि मैदान में सीखे गए मूल्य जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त करने में सहायक होते हैं। उन्होंने विजेता एवं सहभागी सभी टीमों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हार और जीत खेल का हिस्सा हैं, लेकिन खेल भावना सबसे महत्वपूर्ण होती है।
प्रतियोगिता में आईपीएससी ऑब्जर्वर राजेश ओझा एवं रेफरी का दायित्व लोकेश बुनकर, सुरेश चन्द्र नायक, मोहम्मद शकील, जगदीश समदानी, कमलेश कुमार सोमानी एवं शंकर लाल खटीक ने निभाया। सामाजिक विज्ञान विभाग के अध्यापक चन्द्र प्रकाश गोयल ने संयोजक के रूप में प्रतियोगिता का सफल संचालन किया। समारोह के अंत में मुख्य अतिथि डॉ. मंजू ने विजेता टीम सैनिक स्कूल चित्तौड़गढ़ को चौंपियनशिप ट्रॉफी प्रदान की।