शहडोल। शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। इन्द्रा चौक से न्यू बस स्टैंड तक सड़क चौड़ीकरण के लिए रविवार को बुलडोजर हरकत में आया और सड़क किनारे किए गए अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई, प्रशासन का कहना है कि अभियान का उद्देश्य शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाकर यातायात व्यवस्था को सुगम और सुरक्षित करना है।
भारी अमले के साथ पहुंचे अधिकारी, एक दर्जन बुलडोजरों ने शुरू किया काम
शहर की वर्षों पुरानी यातायात समस्या को दूर करने की दिशा में जिला प्रशासन ने रविवार को बड़ा कदम उठाते हुए इन्द्रा चौक से न्यू बस स्टैंड तक सड़क चौड़ीकरण अभियान शुरू कर दिया। नगर पालिका द्वारा मुनादी कराकर लोगों को अंतिम सूचना दी गई।
जिसके बाद राजस्व विभाग, नगर पालिका और पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम भारी अमले के साथ मौके पर पहुंची और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की। अभियान में करीब एक दर्जन बुलडोजर लगाए गए, जिन्होंने सड़क किनारे बने अवैध निर्माण और अतिक्रमण को हटाना शुरू किया।
पुलिस छावनी में बदला क्षेत्र, विरोध के बाद भी डिगा नहीं प्रशासन
कार्रवाई के दौरान पूरे क्षेत्र को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। बड़ी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद रहे जिससे किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। प्रशासन का कहना है कि संबंधित लोगों को पहले ही नोटिस देकर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए थे।
गौरतलब है कि सड़क चौड़ीकरण को लेकर पिछले कई दिनों से दुकानदारों द्वारा विरोध किया जा रहा था। व्यापारियों की आपत्तियों को देखते हुए प्रशासन ने पहले प्रस्तावित 18 मीटर चौड़ी सड़क को घटाकर 17 मीटर करने का निर्णय लिया। इसके बावजूद तय योजना के अनुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई।
जाम और हादसों से मिलेगी मुक्ति, विकास को मिलेगी नई गति
इन्द्रा चौक से न्यू बस स्टैंड तक का मार्ग शहर की सबसे व्यस्त सड़कों में शामिल है। संकरी सड़क और दोनों ओर अतिक्रमण के कारण यहां सुबह से शाम तक जाम की स्थिति बनी रहती थी। स्कूल बसों, एंबुलेंस और आम वाहनों को भी आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था।
प्रशासन का मानना है कि सड़क चौड़ी होने के बाद यातायात व्यवस्था अधिक सुगम होगी, दुर्घटनाओं की संभावना कम होगी और शहर के विकास को नई गति मिलेगी, हालांकि कार्रवाई से प्रभावित व्यापारियों की चिंता भी बनी हुई है, लेकिन प्रशासन का कहना है कि जनहित और बेहतर यातायात व्यवस्था को प्राथमिकता देते हुए अभियान आगे भी जारी रहेगा।