मंदसौर। जिले में मानसून की गति थमने से पेयजल संकट गहरा गया है। पिछले 11 दिनों से जिले में अच्छी बारिश दर्ज नहीं हुई है। आखिरी बार 8 जुलाई को अच्छी बारिश हुई थी, जिसके बाद 9 जुलाई की रात को हल्की बूंदाबांदी हुई थी। बारिश की कमी के कारण नगर पालिका ने शहर की जलापूर्ति व्यवस्था में बदलाव किया है।
नगर पालिका के अनुसार, अब शहर में दो दिन छोड़कर पानी की सप्लाई की जाएगी। लगातार बारिश न होने से जल स्रोतों का जलस्तर घट गया है। इस स्थिति से किसान भी चिंतित हैं।
दिनभर तेज धूप और उमस के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है। सुबह से शाम तक गर्मी का असर बना रहता है। बादल छाते हैं लेकिन बिना बरसे आगे बढ़ जाते हैं, जिससे तापमान में राहत नहीं मिल रही है और खेतों को पर्याप्त नमी भी नहीं मिल पा रही है।
फसलों पर असल पड़ने की आशंका-
जिला मुख्यालय के अलावा नाहरगढ़, भावगढ़, गरोठ, सुवासरा, शामगढ़, दलौदा, मल्हारगढ़, पिपलिया मंडी, नारायणगढ़, डिगांव, बरखेड़ा और अफजलपुर सहित जिले के अधिकांश क्षेत्रों में भी कई दिनों से अच्छी बारिश नहीं हुई है। लगातार शुष्क मौसम के कारण खेतों की नमी कम होने लगी है, जिससे सोयाबीन और मक्का सहित खरीफ फसलों पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है।
जिले में अब तक औसतन करीब 10.10 इंच बारिश दर्ज की गई है। यह पिछले वर्ष की तुलना में लगभग ढाई इंच कम है। वर्ष 2025 में इसी अवधि तक 12.69 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई थी। जुलाई के दूसरे सप्ताह में बारिश का लंबा अंतराल किसानों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है।
जलस्तर घटा, अब दो दिन छोड़कर होगी पेयजल सप्लाई-
लगातार बारिश नहीं होने से शहर के जल स्रोतों का जलस्तर लगातार घट रहा है। इसे देखते हुए नगर पालिका के जल कार्य विभाग ने पेयजल वितरण व्यवस्था में बदलाव किया है। अब शहर के अधिकांश क्षेत्रों में एक दिन छोड़कर होने वाली जलापूर्ति के स्थान पर दो दिन छोड़कर पानी की सप्लाई की जाएगी।
जल कार्य विभाग की बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार 19 जुलाई को जिन क्षेत्रों में पानी की सप्लाई हुई है, वहां अगली सप्लाई 22 जुलाई को होगी। इसी तरह 20 जुलाई को जिन क्षेत्रों में जलापूर्ति होगी, वहां अगली सप्लाई 23 जुलाई को की जाएगी।
हालांकि खानपुरा क्षेत्र और पुराना शहरी किला जैसे ऊंचाई वाले इलाकों में पहले की व्यवस्था ही लागू रहेगी। यहां एक दिन छोड़कर 40 मिनट तक पेयजल की सप्लाई जारी रहेगी।
नगर पालिका ने नागरिकों से पेयजल का अनावश्यक उपयोग नहीं करने, पानी की बर्बादी रोकने और जल वितरण के समय विद्युत मोटर का उपयोग नहीं करने की अपील की है, ताकि सभी उपभोक्ताओं तक समान रूप से पानी पहुंच सके।
20 जुलाई से फिर सक्रिय हो सकता है मानसून-
मौसम विभाग के अनुसार 20 से 23 जुलाई के बीच मानसून फिर सक्रिय होने की संभावना है।