चित्तौड़गढ़। हरियाली अमावस्या पर्व पर चित्तौड़गढ़ दुर्ग में पर्यटकों एवं पदयात्रियों की संभावित भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने यातायात एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष व्यवस्था की है। इसके तहत बुधवार को दुपहिया, तिपहिया, चौपहिया और बड़े वाहनों सहित सभी प्रकार के वाहनों की दुर्ग की ओर आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। आमजन के वाहनों की पार्किंग के लिए शहर में अलग-अलग स्थान निर्धारित किए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि हरियाली अमावस्या पर जिले के पर्यटन स्थलों पर बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है। विश्व प्रसिद्ध चित्तौड़गढ़ दुर्ग पर भी पर्यटकों और पदयात्रियों की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए यातायात व्यवस्था सुचारू रखने तथा पदयात्रियों की सुरक्षा के लिए दुर्ग पर वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित किया गया है।
सुबह 7 से रात 10 बजे तक प्रतिबंध-
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि दुर्घटनाओं की रोकथाम तथा यातायात एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पाडनपोल से दुर्ग की ओर जाने वाले सभी प्रकार के वाहनों का आवागमन सुबह 7 बजे से रात 10 बजे तक पूरी तरह बंद रहेगा।
यहां होगी वाहनों की पार्किंग-
यातायात प्रभारी मोतीराम के अनुसार दुर्ग की ओर जाने वाले दुपहिया, तिपहिया और चौपहिया वाहनों को पाडनपोल से आगे जाने की अनुमति नहीं होगी। दुर्ग भ्रमण पर आने वाले लोगों के दुपहिया वाहनों की पार्किंग इनकम टैक्स ऑफिस के सामने तथा चौपहिया वाहन, पिकअप, ट्रैक्टर, बस एवं अन्य बड़े वाहनों की पार्किंग ईनाणी सिटी सेंटर में निर्धारित की गई है।
दुर्गवासियों के लिए भी विशेष अपील-
प्रशासन ने दुर्गवासियों से अपील की है कि वे सुबह 8 बजे से पूर्व अपने आवश्यक कार्य पूर्ण कर लें। सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक दुर्ग पर किसी भी प्रकार के वाहनों की आवाजाही की अनुमति नहीं होगी। दुर्गवासियों से यातायात व्यवस्था बनाए रखने और पदयात्रियों की सुरक्षा के लिए पुलिस एवं प्रशासन का सहयोग करने की अपील की गई है।
निर्धारित पार्किंग में ही खड़े करें वाहन-
जिला पुलिस ने आमजन एवं पर्यटकों से अपील की है कि वे अपने वाहन निर्धारित पार्किंग स्थलों पर ही खड़े करें। यातायात व्यवस्था बनाए रखने, दुर्घटनाओं की रोकथाम और पदयात्रियों की सुरक्षा के लिए पुलिस एवं प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।