नीमच। संविधान में प्रदत्त अधिकारों के सही उपयोग बिना किसी भी समाज व राष्ट्र का विकास नहीं हो सकता है। समाज विकास के लिए चिकित्सा शिक्षा और रोजगार आवश्यक है। कांग्रेस पार्टी आगामी लोकसभा में विधानसभा चुनाव में चिकित्सा शिक्षा एवं राष्ट्रीय विकास के मुख्य मुद्दे पर ही चुनाव में संघर्ष करेगी। यह बात अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय संयोजक गोपाल डेलवाल ने कही। वे 20 मई शुक्रवार दोपहर को भारत पैलेस ( निजी होटल) में अजा वर्ग के कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक में उपस्थित समुदाय को संबोधित करते हुए बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि संविधान में प्रदत्त आरक्षण के अधिकारों की मांग को लेकर शीघ्र ही राजस्थान मध्य प्रदेश गुजरात महाराष्ट्र सहित देश के निस्वार्थ दबंग जनप्रतिनिधियों को एकत्रित कर बैठक आयोजित कर राष्ट्रीय स्तर पर संविधान में प्रदत्त अधिकारों की मांग के प्रस्ताव को लेकर अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी राहुल गांधी प्रियंका गांधी और वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष खरगे से नई दिल्ली में एक विशेष बैठक आयोजित की जाएगी। राजस्थान में अजा वर्ग के आरक्षण के प्रतिशत में कटौती जैसे विषयों पर गहराई से विचार विमर्श किया जाएगा। इसके साथ ही राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से भी एक बैठक आयोजित कर राजस्थान के उदयपुर संभाग में राजस्थान सरकार द्वारा अजा वर्ग के आरक्षण का जो प्रतिशत कम किया गया है उसे पुनः बढ़ाने की मांग को लेकर अवगत कराया जाएगा। और राजस्थान सरकार के गजट नोटिफिकेशन में काटे गए आरक्षण प्रस्ताव को तत्काल प्रभाव से निरस्त करने की मांग की जाएगी। समय रहते राजस्थान सरकार ने यह आरक्षण की मांग स्वीकृत नहीं की तो अजा वर्ग राष्ट्रीय स्तर पर दिल्ली में लाखों की संख्या में जन आंदोलन करने को मजबूर होगा। हालांकि संविधान के अनुसार आरक्षण बढ़ाने का अधिकार भारत सरकार के पास होता है।देशभर में अनुसूचित जाति वर्ग की संख्या निरंतर बढ़ रही है इस आधार पर 16 से 17प्रतिशत तक आरक्षण मिलना चाहिए। राजस्थान में संविधान के अनुरूप ही 32 विधायक निर्वाचन से निर्वाचित हो रहे हैं। राजस्थान सरकार द्वारा 11प्रतिशत आरक्षण कोटा, उदयपुर, जोधपुर के पाली तक समाप्त कर दिया गया है। राजस्थान के झालावाड़ जिले में मात्र 8प्रतिशतआरक्षण है। अनुसूचित जाति जनजाति के जनप्रतिनिधियों संगठन के पदाधिकारियों के विधानसभा में टिकट के स्वार्थ के कारण विरोध के स्वर मुखर नहीं हो पाते हैं इसलिए अजा वर्ग का जनाधार शीघ्र ही स्थापित कर राष्ट्रीय स्तर का एक अधिवेशन आयोजित किया जाएगा। पूर्व में राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को तीन बार विस्तार से अवगत करा दिया गया है अशोक गहलोत ने भी समस्या को समझने के बाद कहा कि बात सही है। सामाजिक न्याय मंत्री भजन लाल जाटव को भी अवगत कराया गया है। अजा वर्ग शांत प्रिय वर्ग है। वहीं दूसरी ओर मीणा और गुर्जर जाट समाज के वर्गों ने अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर कठिन संघर्ष किया तो उन्हें तत्काल राजस्थान सरकार द्वाराआरक्षण स्वीकार कर दिया गया। राजस्थान के नागौर जिले में मात्र 0 पॉइंट 27प्रतिशत आरक्षण है इसी प्रकार सीकर चूरू झुंझुनू में आरक्षण नहीं के बराबर है।
डेनवाल ने बताया कि अजा वर्ग का विद्यार्थी 70प्रतिशत अंक से उत्तीर्ण होता है इसके बावजूद उसे नौकरी नहीं मिलेगीऔर सामान्य वर्ग का विद्यार्थी 30प्रतिशत से उत्तीर्ण होता है तो उसे नौकरी मिल जाएगी। हाल ही में कर्नाटक चुनाव में कांग्रेस को अजा वर्ग के सहयोग के कारण ही सफलता मिली है। राजस्थान में जीरो पॉइंट 2प्रतिशत होने के बावजूद भी समाज को केश कल्याण बोर्ड बनाकर महत्वपूर्ण निर्णय कर आयोग बनाया गया है। किन आजा वर्ग 17प्रतिशत होने के बावजूद भी उन्हें कोई आयोग के किसी भी योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। रोटी कपड़ा और मकान मनुष्य का मूलभूत संवैधानिक अधिकार है। यदि इस अधिकारों में हनन होता है तो दलगत राजनीति से ऊपर उठकर समाज हित के लिए अजा वर्ग आंदोलन करने को मजबूर होगा। धार्मिक मुद्दों पर जनता सरकार नहीं निर्वाचित करती है। इसका कर्नाटक चुनाव उदाहरण हमारे सामने हैं। कांग्रेस का महत्वपूर्ण वोट बैंक अनुसूचित जाति जनजाति वर्ग ही है मध्यप्रदेश में भी यही स्थिति है। कांग्रेस के चुनावी घोषणा पत्र में किए गए घोषणा के आधार पर जनता का मत एवं समर्थन मिल सकता है।
इस अवसर पर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभुलाल चंदेल, अजा विभाग जिला अध्यक्ष, महेश वीरवाल, जिला प्रवक्ता किशन जेनवाल, नागेश्वर जावरिया, रामलाल मेघवाल, मनोहर अम्ब, कन्हैया लाल मेघवाल, भेरू लाल मेघवाल केसुंदा, जगदीश परमार ,पीरुलाल परिहार, नगर पालिका पार्षद योगेश प्रजापति, बलवंत यादव आदि गणमान्य लोग उपस्थित थे। इससे पूर्व नीमच जिले के पदाधिकारियों द्वारा नयागांव सीमा पर पहुंचकर रेनवाल की अगवानी कर पुष्प माला से सम्मान किया गया। तत्पश्चात मेसी शोरूम चौराहा स्थित अंबेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। इसके बाद डेनियल सीधे भारत पैलेस में आयोजित बैठक में भाग लेने पहुंचे। शाम 4 बजे बाद ग्रामीण क्षेत्र के कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई जिसमें ग्रामीण अजा वर्गों की समस्याओं के निराकरण पर विचार विमर्श किया गया।
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