सीहोर। मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन सीहोर के स्व सहायता समूह द्वारा विभिन्न उत्पादों का निर्माण किया जा रहा है। इन उत्पादों की बिक्री एवं प्रदर्शन के लिए जिला स्तर पर पुराने कलेक्ट्रेट कार्यालय के पास बाल विहार ग्राउंड में आजीविका मेले का आयोजन किया जा रहा है। मेले का शुभारंभ जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी आशीष तिवारी ने किया। शुभारंभ अवसर पर स्व सहायता समूहों की महिलाओं ने फ्लैग मार्च भी निकाला। यह मेला दो अक्टूबर तक प्रातः 10:00 बजे से रात्रि 10:00 बजे तक लगाया जाएगा। इस अजीविका मेले में 35 समूहों द्वारा स्टॉल लगाए गए है। मेला प्रातः 10:00 बजे से रात्रि 10:00 बजे तक आयोजित किया जाएगा। आजीविका मेले में जिले के 35 सीएलएफ, दो एफपीओ को महिला सशक्तिकरण व आजीविका संवर्धन के क्षेत्र में किए कार्यों के लिए प्रोत्साहित करने हेतु पुरुस्कृत किया गया।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष गोपाल सिंह इंजीनियर ने कहा कि स्व सहायता समूह की दीदियों द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों को मार्केंट प्रदान करने और उत्पादों के प्रदर्शन के लिए यह तीन दिवसीय आजीविका मेला लगाया गया है। इससे दीदियो द्वारा बनाए जा रहे विभिन्न उत्पादों की विक्री बढ़ेगी और जन-जन तक इन उत्पादों की जानकारी पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा बहनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए और बहनों की आमदनी को बढ़ाने के लिए आजीविका मिशन का संचालन किया जा रहा है और इसके सकारात्मक बदलाव देखने को मिले हैं। आज बहने सरकार से ऋण लेकर विभिन्न उत्पाद तैयार कर रही हैं। उन्होंने कहा कि जिले में 7600 स्व सहायता समूह संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें एक लाख बहने जुड़ी हुई है। इनमें से 34 हजार बहनों की मासिक आमदनी 12000 रूपए से ऊपर है। उन्होंने कहा कि बहनों को आगे बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार द्वारा भी अनेक योजनाएं चलाई जा रही है। हाल ही में लोकसभा में महिला बिल पास हुआ है जिसमें बहनों को राजनीति में 33 प्रतिशत तक का आरक्षण दिया गया है। आज लोकसभा में 80 बहने सांसद हैं। लेकिन अब इस बिल के पास होने से 181 बहने सांसद होंगी।
इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ आशीष तिवारी ने कहा कि इस मेले के माध्यम से स्व सहायता समूहों द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों को बाजार मिलेगा। इस दौरान उन्होंने बहनों को उनके द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने सभी को स्व सहायता समूहों द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों की विस्तार से जानकारी दी। जिला पंचायत अध्यक्ष गोपाल इंजीनियर एवं जिला पंचायत सीईओ आशीष तिवारी ने स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा लगाए गए स्टॉल का अवलोकन किया और सामान क्रय किया। कार्यक्रम में एनआरएलएम के परियोजना अधिकारी दिनेश बरफा ने भी संबोधित किया।