चित्तौड़गढ़। पुलिस ने चित्तौड़िया गांव के एक मकान से सात किलो 760 ग्राम अफीम का स्टॉक जब्त किया है। इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया। आरोपी ने अपने घर में सीढ़ियों के नीचे गड्ढा खोद कर स्कीम बनाकर अफीम छुपा रखी थी। मकान के तलाशी के दौरान एक लाख रुपए से ज्यादा की राशि मिली। आरोपी उन रुपयों के बारे में जानकारी नहीं दे पाया। पकड़ी गई अफीम की कीमत 40 लाख रुपए बताई जा रही है। मामला राशमी थाना क्षेत्र का है।
एसपी राजन दुष्यंत ने बताया कि चुनाव आयोग के निर्देश पर जिले में तस्करों की धरपकड़ का अभियान चलाया जा रहा है। राशमी थानाधिकारी मय जाब्ता ने सूचना पर चित्तौड़िया गांव में भगवान लाल पुत्र भैरूलाल जाट के घर पर दबिश दी। घर की अच्छे से तलाशी ली गई। भगवान लाल ने अपने ही घर में सीढ़ियों के नीचे गड्ढा खोदकर एक स्कीम बना रखी थी। वहां पर जमीन में प्लास्टिक के ड्रम गाड़ रखे थे। उसमें अफीम को अलग-अलग प्लास्टिक की थैलियों में पैक कर स्टॉक के रूप में छुपा रखी थी। तौल करने पर 7 किलो 760 ग्राम अफीम पाई गई। पुलिस ने जब घर की और अच्छे से तलाशी ली तो घर से एक लाख 9 हजार पांच सौ रुपए मिले। आरोपी भगवान लाल से जब इस बारे में पूछा गया तो उसने कोई भी जवाब नहीं दिया और ना ही रूपयों से जुड़े हुए कोई भी डॉक्यूमेंट पेश किए। पुलिस ने अफीम और रुपयों को जप्त करते हुए भगवान लाल को गिरफ्तार कर लिया। इस अफीम की कीमत लगभग 40 लाख रुपए बताई जा रही है।
भगवान लाल ने जिसको अफीम बेची थी, इस युवक ने उसकी पोल खोल दी। थानाधिकारी प्रेम सिंह और जाब्ता गश्त लगा रहे थे। गश्त के दौरान कपासन थानाधिकारी गजेंद्र सिंह ने जानकारी दी की उनके द्वारा एक किलो 550 ग्राम अफीम पकड़ी गई है। इस कार्रवाई में बाबरीया खेड़ा निवासी रमेश चंद्र उर्फ रामेश्वर पुत्र नारायण लाल जाट को पकड़ा है। पूछताछ में रमेश चंद्र ने चित्तौड़िया निवासी भगवान लाल के यहां से अफीम लाना बताया। रमेश चंद्र ने पुलिस को यह भी बताया कि भगवान लाल जाट ने अपने ही घर पर अफीम छुपा रखी है। रमेश चंद्र द्वारा दी गई पुलिस को जानकारी से भगवान लाल भी पकड़ा गया। इस कार्रवाई में एएसआई देवी सिंह, कांस्टेबल मनोज, प्रीतम, पाबूराम, रामकिशन, रामलाल और महिला कांस्टेबल धारणा शामिल रहे।