नीमच। शहर के पोस्ता व्यापारी और अग्रवाल सोया के मालिक दीपक अग्रवाल को कल आतंकवाद निरोधक दस्ता के अधिकारियो ने कल भोपाल में गिरफ्तार किया हैं। इससे पहले जीएसटी टीम ने दीपक अग्रवाल की फर्मो के दस्तावेज जाँच किए थे जिनमे अरबों रूपए के लेनदेन में पूछताछा की थी। वहीं कई खातों में करोडो रूपए जमा करने का मामला भी जीएसटी टीम के सामने आया था। इसी सम्बन्ध एटीएस ने दीपक अग्रवाल को भोपाल बुलाया था और पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया।
वहीं बात करें तो नीमच में पोस्ता व्यापार को लेकर कालेदाने का बड़ा खेल होता आ रहा हैं। दीपक चिकना उर्फ़ दीपक अग्रवाल कुख्यात तस्कर बाबू सिंधी का ख़ास भी हैं। दीपक चिकना पूर्व में भी कुंडली, सोनीपत (हरियाणा) में चुरा पोस्त की अवैध तस्करी के मामले में पोन दो साल जेल में सजा काट चूका हैं उस समय 07 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था जिसमे से दीपक अग्रवाल भी शामिल था।
पूछताछ के दौरान दीपक अग्रवाल ने कई बड़े खुलासे एटीएस के सामने किए हैं। साथ ही सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार दीपक अग्रवाल ने नीमच से कई अन्य व्यापारियों के नाम भी एटीएस को बताए हैं जिन्हे भी जल्द पूछताछ के लिए एटीएस तलब कर सकता हैं। जिसके बाद जाँच के घेरे में कई पोस्ता व्यापारी आ सकते हैं। कुख्यात तस्कर बाबू सिंधी के साथ दीपक अग्रवाल का नाम जुड़ा होने से पूर्व में भी तस्करी के मामले में सीबीएन ने दीपक से पूछताछ की थी।
नीमच से बड़े व्यापारी सुबोध भंसाली और महेंद्र गर्ग से सीबीएन विभाग ने 1100 टन मादक पदार्थ बरामद किया था। जिनकी गिरफ़्तारी अभी बाकी हैं। वहीं देखा जाए तो ये सभी तार आपस में जुड़े हुए हैं। जिसका मुख्य सरगना कुख्यात तस्कर बाबू सिंधी हैं। बाबू सिंधी का एक बड़ा नेटवर्क जिले में काम कर रहा हैं। एटीएस और सीबीएन की कार्यवाई के बाद अब धीरे धीरे परते खुलती जा रही हैं।