दूदरसी। शारदीय नवरात्रि महोत्सव के अंतर्गत यहां मां दुर्गा का तृतीय स्वरूप चंद्र घण्टा माता की आराधना उपासना के तहत मां अम्बे की रात्रि 8 बजे आरती उतारी गई । तत्पश्चात नन्हीं नन्हीं बालिकाओं ने नव परिधान में डांडिया नृत्य प्रस्तुत किया जो सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। महिलाओं ने भी पारंपरिक वेशभूषा में पंछीडा़ तू उड़ी ने जा जे पांवागढ रे नामक गरबे की धून पर डांडिया नृत्य किया जिससे वहां पांडाल में उपस्थित सभी माता बहिनों ने करतल ध्वनि से उनका उत्साह वर्धन किया ।
यहां गांव में स्थित मां महिषासुर मर्दिनी प्रांगण में भी सामुहिक गरबा महोत्सव का आयोजन प्रतिदिन किया जा रहा है। इसी श्रृंखला में पाटीदार समाज भी अपने निजी मंदिर प्रांगण में अपनी आराध्या मां अंबे की प्रतिदिन आराधना उपासना कर रहे हैं और अखंड ज्योति प्रज्ज्वलित कर अपनी आस्था का इजहार कर रहे हैं ।इस वर्ष चुनाव का असर भी गरबोत्सव में दिखने को मिल रहा है। शासन ने रात्रि में 10 बजे बाद डीजे और ध्वनि विस्तारक यंन्त्रो पर प्रतिबंध लगा दिया गया है उसी के मद्देनजर रात्रि 10 बजे बाद गरबे बंद कर दिये जाते हैं जिस कारण मां के भक्तों में रोष नजर आ रहा है। अंत में सभी जगह गरबा पांडाल में उपस्थित भक्तजनों को गरबा मण्डल समिति की ओर से प्रसाद वितरित किया जाता है।