सिंगोली। तहसील क्षेत्र गांव फत्ताखेड़ी में एक व्यक्ति द्वारा बरसाती नाले पर अतिक्रमण कर लेने के कारण गांव के बाहर बहने वाला पानी आदिवासी बस्ती में जमा हो गया। परेशान आदिवासी परिवारों की जब समस्या पंचायत ने नहीं सुनी तो ग्रामीणों ने मंगलवार को सिंगोली तहसील कार्यालय पर आयोजित हुई जनसुनवाई में पहुंचकर अपनी पीड़ा सुनाई। इससे पूर्व सुबह 11 बजे शुरू हुई जन सुनवाई दोपहर 1 बजे तक चली।
दोपहर 12 बजे ट्रैक्टर में सवार होकर तहसील कार्यालय पहुंचे करीब 20 से 25 महिला पुरुषों ने तहसीलदार को ज्ञापन देकर बताया कि ग्राम फत्ताखेडी में गांव से बहकर निकलने वाले बरसाती नाले पर लाभचंद धाकड़ नामक व्यक्ति ने मिट्टी डालकर उस पर कब्जा कर लिया। जिससे बरसात का पानी नाले में बहने की बजाय आदिवासी बस्ती में जमा हो गया।
बीते 4 से 5 दिनों से सभी रास्ते बंद हो गए है, और बच्चे स्कूल भी नहीं जा पा रहे है। ग्रामीणों ने जल भराव को जोखिम भरा बताया है। उन्होंने भविष्य में जनहानि की संभावना व्यक्त की है।
ग्रामीणों का कहना है कि इससे पूर्व उन्होंने पंचायत को भी अवगत कराया था, लेकिन सरपंच और सचिव ने उनकी समस्या को नजर अंदाज कर दिया। तहसीलदार ने ग्रामीणों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है, तथा मौजा पटवारी को मौका रिपोर्ट पेश करने हेतु निर्देशित किया गया है।
जन सुनवाई के दौरान सिंगोली नायब तहसीलदार भगवान सिंह ठाकुर, रतनगढ़ नायब तहसीलदार शत्रुघ्न चतुर्वेदी, नगर निकाय प्रभारी कपिल सिंह राजावत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने जन सुनवाई में पहुंचे लोगों की अन्य समस्याओं को भी सुना और उचित निराकरण करवाने का आश्वासन दिया। जन सुनवाई में राजस्व विभाग से संबंधित कुल 11 मामलों पर सुनवाई हुई।