नीमच। आप सभी को शायद ही जानकारी हो की कल रात्रि जब हम सभी आद्य शक्ति मां दुर्गा की आराधना में लीन थे तभी रात्रि 9 बजे के लगभग हमारे वनवासी बंधुओं की बस्ती एकता कालोनी (एकलव्य बस्ती) जयसिंग पूरा रोड नीमच में गरबा कर रही बालिकाओं के बीच वर्ग विशेष के 2 युवक पहुंचते हैं। वहां उपस्थित उदय भील एवं उसके साथियों ने जब उन्हें रोका और वहां से जाने का कहा तो वे उनके साथ गाली गलोच और मारपीट पर उतारू हो जाते है। वहां पर उपस्थित पुलिस के जवान भी उन युवकों को रोकते हैं, किंतु तत्काल वे अपने साथ सैकड़ों लोगों की भीड़ लाठी, डंडों, सलियों से लेस होकर बस्ती में घुस जाते हैं और उदय भील और वहां उपस्थित ओर लोगों पर जानलेवा हमला कर देते हैं। हमले में उदय और कुछ अन्य वनवासी बंधु घायल हो जाते हैं।
पुलिस को सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंचती है किंतु हमलावरों पर कोई कार्रवाई किए बिना उदय को ही थाने ले जाकर हवालात में बंद कर देती है और इतना होने के बाद भी सैंकड़ों की तादात में हमलावर थाने पहुंचकर पुलिस पर दबाव बनाते हैं। यह हमारे ही नीमच की घटना है ये मात्र कोई संयोग नहीं है ये एक प्रयोग है, सोची समझी साजिश है। आज ये हमारे वनवासी बंधुओं की बस्ती में घुसे हैं, हमला किया है। कल हमारी बारी है। बांग्लादेश की घटना को लेकर नीमच बंद करवाने वाला समाज एक वर्ग विशेष द्वारा किए गए इस प्रकार के सुनियोजित, संगठित और जघन्य अपराध के प्रति खामोश नहीं रहेगा।
इसी विषय पर आज गुरुवार दोपहर 2 बजे स्वर्णकार धर्मशाला सब्जी मंडी के पास नीमच पर सभी विचार विमर्श कर निर्णय लेंगे। बुलावे का इंतजार न करें और दोपहर 2 बजे स्वर्णकार समाज धर्मशाला पहुंचे।