चित्तौड़गढ़। ब्रह्मा कुमारीज प्रताप नगर सेवा केंद्र पर राजयोगिनी आशा दीदी ने बताया कि आज के दिवस को व्यास पूर्णिमा दिवस भी कहा जाता है, गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष में उन्होंने गुरु का महत्व बताया कि पूरे भारतवर्ष में आज का दिन बड़े हर्षाेल्लास के साथ अपने गुरु के प्रति सभी भक्त कृतज्ञता रखते हैं और अपने गुरु के दर्शन करने गुरु दक्षिणा देने गुरु के पास जरूर जाते हैं।
उन्होंने बताया कि सभी गुरुओं का गुरु परम सद्गुरु परम पिता परमात्मा भी हम सभी आत्माओं को नजर से निहाल करने हमारे सभी मनोकामनाएं पूर्ण करने के लिए हमें रोज नजर से निहाल करते हैं। उन्होंने बताया की सद्गुरु को दक्षिणा के रूप में हम अपनी कोई भी कमी कमजोरी अवगुण आज के दिन अवश्य देकर जाए और उनसे दुआएं प्लेसिंग लेकर के जाए। क्योंकि परम सद्गुरु परम शिक्षक कि हम छत्रछाया में रोज पालते हैं उनसे ईश्वरीय महावाक्य श्रवण करते हैं जिससे हमारा जीवन श्रेष्ठ बनता है। कार्यक्रम में उपस्थित बालकिशन भाई सुभाष भाई भानुश्री बहन बेला बहन अनिता बहन ने गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष में कविता के माध्यम से गीतों के माध्यम से प्रस्तुति दी। राजयोगिनी आशा दीदी ने गुरु का महत्व बताया और कहा की हमें गुरु की हर शिक्षा को अपने जीवन में धारण करते हुए अपने लक्ष्य को प्राप्त करना है और सदा उनके श्री मत पर चलते रहना है। राजयोगिनी आशा दीदी और अनीता दीदी को सम्मानित करते हुए साफा ऊपरना पहना कर सम्मानित किया गया।