मंदसौर। मप्र पश्चिस क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड मंदसौर वृत्त के अधीक्षण यंत्री योगेश आटनेरे द्वारा बताया गया कि 14 मार्च 2026 को नेशनल लोक अदालत आयोजित की जा रही है। इस लोक अदालत में मंदसौर, मल्हारगढ़, सीतामऊ संभाग के अन्तर्गत लंबित प्रकरणों का विशेष न्यायालय मंदसौर, गरोठ एवं भानपुरा तहसील न्यायालयों में लंबित विद्युतीय न्यायालयीन प्रकरणों का एवं अन्य अनियमितताओं के प्रकरणों तथा मुकदमा पूर्व प्रकरणों का निराकरण किया जाएगा। कंपनी द्वारा दी जाने वाली छूटें कंपनी की ओर से विद्युत अधिनियम 2003 के अंतर्गत न्यायालयों में लंबित प्रकरणों एवं मुकदमा पूर्व प्रकरणों के निराकरण के लिये निम्नदाव श्रेणी के समस्त घरेलू समस्त कृषि 5 किलोवॉट भार तक के गैर घरेलू, 10 एच.पी. भार तक के औद्योगिक उपभोक्ताओं को सम्पूर्ण निर्धारण राशि का एक मुश्त भुगतान किये जा ने पर निम्नानुसार छूट प्रदान की जावेगी – धारा 135 (विद्युत चोरी प्रकरणों) हेतु : प्री-लिटिगेशन स्तर पर आंकलित सिविल दायित्व की राशि पर 30% छूट, ब्याज पर 100%छूट। प्री-लिटिगेशन स्तर पर आंकलित सिविल दायित्व की राशिपर 20% छूट, ब्याज पर 100% छूट।
उपभोक्ताओं की सुविधा हेतु जिला न्यायालय परिसर मंदसौर एवं तहसील न्यायालय गरोठ व भानपुरा में कंपनी के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहेंगे, जो समझौता वार्ता कर छूट का लाभ दिलाने में सहयोग प्रदान करेंगे।
अधीक्षण यंत्री आटनेरे ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे 14 मार्च 2026 को लोक अदालत में उपस्थित होकर कंपनी द्वारा प्रदान की जा रही छूट एवं राहत योजनाओं का लाभ ले और न्यायालयीन प्रक्रिया से शीघ्र छुटकारा प्राप्त करें। यहाँ उल्लेखनीय है कि, विद्युत अधिनियम 2003 अन्तर्गत विद्युत चोरी के प्रकरणों में 3 वर्ष तक की सजा का प्रावधान है।