खरगोन। शहर की नगर पालिका परिषद में कांग्रेस के पार्षदों ने विकास कार्यों में भेदभाव का आरोप लगाते हुए कलेक्टर कार्यालय को ज्ञापन सौंपा। पार्षदों का कहना है कि नगर पालिका में विपक्ष के पार्षदों के वार्डों की अनदेखी की जा रही है, जिससे आम नागरिकों को मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है।
ज्ञापन में कांग्रेस पार्षदों ने बताया कि चुनाव जीतने के बाद से ही उनके वार्डों में विकास और निर्माण कार्यों में लगातार भेदभाव किया जा रहा है। इस संबंध में नगर पालिका अध्यक्ष और मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) को कई बार लिखित आवेदन देने के साथ ही व्यक्तिगत रूप से भी मुलाकात कर वार्डों के विकास कार्यों की मांग की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
पार्षदों का आरोप है कि जहां सत्ताधारी दल के पार्षदों के वार्डों में बड़े पैमाने पर विकास कार्य कराए जा रहे हैं, वहीं कांग्रेस पार्षदों के वार्डों में बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। उनका कहना है कि नगर पालिका पूरे शहर से समान रूप से टैक्स वसूलती है, इसलिए सभी वार्डों में समान रूप से विकास कार्य होना चाहिए।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि नगर पालिका अध्यक्ष के वार्ड में साढ़े तीन करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्य किए गए हैं, जबकि विपक्षी पार्षदों के वार्डों में अपेक्षित कार्य नहीं हो रहे हैं। पार्षदों ने कहा कि राजनीतिक भेदभाव के कारण शहर के कुछ हिस्सों का विकास प्रभावित हो रहा है, जिससे आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कांग्रेस पार्षदों ने कलेक्टर से मामले की जांच कर सभी वार्डों में समान रूप से विकास कार्य कराने की मांग की है। इस दौरान पार्षद लक्ष्मी मोरे और हीरा परमार (वार्ड 14) सहित अन्य पार्षद उपस्थित रहे।