उज्जैन। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक कुमार पटेल ने बताया कि शहर की दुर्गा कॉलोनी निवासी 60 वर्षीय मोहनलाल पेशे से वाहन चालक है। वे अक्सर बीमार रहा रहते थे। स्वास्थ्य में लगातार गिरावट के कारण जब मोहन लाल की जांच करवाई गई तो उनकी किडनी में खराबी होना पाया गया तथा तुरंत ही डायलिसिस की आवश्यकता बताई गई। मोहन लाल आर्थिक रूप से अत्यंत कमजोर है। पहले जब निजी अस्पताल में उनका डायलिसिस प्रारंभ किया गया तो सप्ताह में दो बार डायलिसिस की आवश्यकता पडने लगी जिसका खर्च 3 हजार से 4 हजार रूपए प्रति सप्ताह आने लगा।
मोहनलाल के परिजन उन्हें लेकर जिला चिकित्सालय पहुंचे जहां उनका आयुष्मान योजना के अंतर्गत पंजीकरण किया गया। वर्तमान में मोहनलाल का सप्ताह में दो बार निशुल्क डायलिसिस सिविल अस्पताल माधवनगर की डायलिसिस यूनिट में किया जा रहा है। अब मोहनलाल पहले से अच्छा महसूस कर रहे है। उनके परिवार द्वारा आयुष्मान भारत निरामयम योजना का लाभ मिलने पर मध्यप्रदेश शासन के प्रति आभार व्यक्त किया गया है।