नीमच। साध्वी रंजना जी और सामाजिक बंधुओं के बीच हुए विवाद के मामले में पुलिस की कथित एकपक्षीय कार्रवाई के विरोध में जिला पाटीदार समाज संगठन, नीमच ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच और दर्ज मामलों को निरस्त करने की मांग की है।
ज्ञापन में समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि 23 फरवरी को मिसरोद मुख्य मार्ग स्थित शासकीय स्कूल के पास संकरे रास्ते पर वाहनों की आवाजाही के दौरान विवाद की स्थिति बन गई थी। समाज का कहना है कि उस स्थान पर अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती है और उसी कारण उस दिन भी वाहन चालकों के बीच कहासुनी हुई, जिसके बाद मामला बढ़ गया।
पाटीदार समाज का आरोप है कि विवाद के दौरान स्थानीय समाज बंधुओं ने दोनों पक्षों को शांत कराने का प्रयास किया था, लेकिन घटना के बाद पुलिस ने उनके पक्ष की शिकायत दर्ज नहीं की और न ही मेडिकल परीक्षण कराया। बाद में दबाव में आकर समाज के चार लोगों के खिलाफ नामजद सहित अन्य के विरुद्ध गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया गया, जिसे समाज ने एकपक्षीय कार्रवाई बताया है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि पाटीदार समाज सदैव साधु-संतों का सम्मान करता आया है और किसी भी प्रकार से उनका अपमान करना समाज का उद्देश्य नहीं रहा है।
समाज ने प्रशासन से मांग की है कि उनके बंधुओं पर दर्ज प्रकरणों को समाप्त किया जाए, उनके पक्ष की एफआईआर दर्ज की जाए, परिवारों को परेशान करना बंद किया जाए तथा पूरे मामले की जांच किसी वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी से कराई जाए।
ज्ञापन में दिलीप पाटीदार और विक्रम पाटीदार सहित समाज के अन्य पदाधिकारियों ने निष्पक्ष जांच कर न्याय सुनिश्चित करने की मांग की।