प्रतापगढ़। नगर में एक मंदिर के समीप गौवंश के बछड़े का कटा हुआ सिर मिलने की घटना को लेकर मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों एवं प्रबुद्ध नागरिकों ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच एवं दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
जिला कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में इस घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण एवं निंदनीय बताया गया। ज्ञापन में कहा गया कि प्रतापगढ़ हमेशा से विभिन्न धर्मों और समुदायों के बीच आपसी भाईचारे, शांति एवं सामाजिक समरसता का प्रतीक रहा है। ऐसे में इस प्रकार की घटनाएं सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने का प्रयास हो सकती हैं, जिनकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
प्रतिनिधियों ने मांग की कि नगर क्षेत्र में स्थापित सीसीटीवी कैमरों की गहन जांच कर तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर वास्तविक दोषियों की शीघ्र पहचान की जाए तथा उनके विरुद्ध कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही घटना के पीछे यदि किसी प्रकार की साजिश या सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की मंशा हो तो उसकी भी विस्तृत जांच की जाए।
ज्ञापन में जिले में शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाने तथा जांच की प्रगति एवं निष्कर्षों की जानकारी समय-समय पर सार्वजनिक करने की भी मांग की गई, ताकि आमजन का विश्वास बना रहे।
इस अवसर पर एडवोकेट मोहम्मद हुसैन मंसूरी, शाकिर हुसैन कादरी, अब्दुल गफ्फार घोसी, हाजी मोहम्मद युनुस मंसूरी, शौकत हुसैन सहित मुस्लिम समाज के अनेक प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
प्रतिनिधियों ने एक स्वर में कहा कि दोषी चाहे कोई भी हो, उसके विरुद्ध निष्पक्ष जांच के बाद सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए तथा जिले की गंगा-जमुनी तहजीब, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे को हर हाल में बनाए रखा जाना चाहिए।