भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है और प्रदेशभर में झमाझम बारिश का दौर जारी है। लगातार हो रही बारिश से जनजीवन प्रभावित होने लगा है। मौसम विभाग ने राज्य के 31 जिलों में भारी से अति भारी बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली को लेकर अलर्ट जारी किया है। जुलाई महीने के शुरुआती छह दिनों में ही सामान्य बारिश का लगभग पूरा कोटा पूरा हो चुका है। जून में दर्ज 33 प्रतिशत बारिश की कमी की भरपाई भी इस तेज बारिश ने कर दी है। वर्तमान में प्रदेश में सामान्य से केवल 1 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है, जबकि पश्चिमी मध्यप्रदेश में सबसे अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई है।
मौसम विभाग ने गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर और छतरपुर जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में अति भारी बारिश, तेज गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई गई है। प्रशासन ने लोगों से निचले इलाकों, नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचने की अपील की है।
इसके अलावा प्रदेश के 26 जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। इनमें ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, पन्ना, सतना, मैहर, दमोह, कटनी, जबलपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, सीहोर, हरदा, आगर-मालवा, राजगढ़, झाबुआ, अलीराजपुर, धार और बड़वानी जिले शामिल हैं।
वहीं राजधानी भोपाल, इंदौर और उज्जैन सहित श्योपुर, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, उमरिया, डिंडोरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी, नरसिंहपुर, शाजापुर, देवास, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, नीमच, मंदसौर और रतलाम जिलों में भी गरज-चमक के साथ तेज बारिश की संभावना व्यक्त की गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से लगातार मिल रही नमी के कारण प्रदेश में मानसून मजबूत बना हुआ है। आने वाले दिनों में भी अधिकांश हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और बिजली चमकने के समय खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी है।