कुकड़ेश्वर। नगर की नई आबादी के समीप कुकड़ेश्वर-मनासा मार्ग पर पार्वती मंदिर के पास 11 केवी विद्युत लाइन की चपेट में आने से राष्ट्रीय पक्षी मोर की मौत हो गई। घटना के बाद क्षेत्र के नागरिकों में दुख के साथ विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर नाराजगी भी सामने आई है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि विद्युत तारों और लाइनों की अव्यवस्था के कारण आए दिन छोटे-बड़े पक्षी करंट की चपेट में आ जाते हैं। ऐसे में राष्ट्रीय पक्षी मोर की मौत ने विद्युत लाइनों के रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
क्षेत्र के नागरिक गौतम उपाध्याय ने बताया कि इलाके में विद्युत लाइनों से जुड़ी ऐसी घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। उन्होंने कहा कि मेंटेनेंस के नाम पर घंटों बिजली बंद रखी जाती है, लेकिन इसके बावजूद विद्युत लाइनों और उपकरणों की स्थिति में अपेक्षित सुधार नजर नहीं आ रहा।
विद्युत विभाग से सुरक्षा इंतजाम की मांग
घटना के बाद क्षेत्रवासियों ने विद्युत विभाग से मांग की है कि विद्युत लाइनों का तत्काल निरीक्षण कराया जाए। जर्जर तारों और विद्युत उपकरणों को दुरुस्त करने के साथ ही पक्षियों और अन्य जीवों की सुरक्षा के लिए लाइनों पर आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए जाएं।
लोगों का कहना है कि राष्ट्रीय पक्षी की इस तरह मौत बेहद दुखद है। यदि समय रहते विद्युत लाइनों की व्यवस्था और सुरक्षा पर ध्यान दिया गया होता तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता था।
अब सवाल यह है कि राष्ट्रीय पक्षी की मौत के बाद विद्युत विभाग कब जागेगा और क्या भविष्य में पक्षियों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे?