गरोठ। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश गरोठ निरंजन कुमार पांचाल ने चार बच्चों की हत्या के मामले में आरोपिया सुगनाबाई पति रोडसिंह बंजारा को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने प्रत्येक बच्चे की मृत्यु के मामले में पृथक-पृथक आजीवन कारावास और 2-2 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया।
अभियोजन के अनुसार, ग्राम पीपलखेड़ा निवासी सुगनाबाई ने 4 जुलाई 2024 की सुबह करीब 6.15 बजे अपने चार बच्चों कार्तिक (2), बंटी (9), अनुष्का (7) और मुस्कान (4) को खेत पर बने कुएं में धकेल दिया और खुद भी पानी से भरे कुएं में कूद गई। हादसे में चारों बच्चों की मौत हो गई, जबकि सुगनाबाई जीवित बच गई।
घटना की सूचना पर गरोठ थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच के बाद सुगनाबाई और उसके पति रोडसिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। अभियोजन के अनुसार, रोडसिंह शराब पीने का आदी था और आए दिन पत्नी से विवाद कर उसे प्रताड़ित करता था।
मामले में न्यायालय ने 31 अगस्त 2026 को सुगनाबाई को धारा 103(1) बीएनएस के तहत चारों बच्चों की मृत्यु के लिए दोषी माना और प्रत्येक मामले में अलग-अलग आजीवन कारावास एवं 2-2 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।