शाजापुर। जिले से किसानों के आक्रोश की बड़ी खबर सामने आई है। भारतीय किसान संघ ने मंगलवार से कलेक्ट्रेट कार्यालय परिसर में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया है। खरीफ 2025 की सोयाबीन फसल का बीमा क्लेम नहीं मिलने से नाराज किसान अब सरकार और बीमा कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोलकर बैठ गए हैं।
किसानों का आरोप है कि पिछले साल सोयाबीन की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई थी। फसल का बीमा कराने के लिए किसानों ने अपनी क्षमता के अनुसार 10 हजार से लेकर 15, 20 और 25 हजार रुपये तक प्रीमियम जमा किया, लेकिन करीब 14 से 15 महीने बीत जाने के बाद भी बीमा क्लेम की राशि उनके खातों में नहीं पहुंची है।
किसानों का कहना है कि फसल खराब होने के बाद सरकार की ओर से जो मुआवजा मिला, वह भी बेहद कम था। ऐसे में अब बीमा क्लेम का इंतजार कर रहे किसानों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
वहीं, इस समय खेतों में खड़ी सोयाबीन की फसल भी किसानों की चिंता बढ़ा रही है। फसल में पीला मोजेक और अफलन जैसी समस्याएं सामने आने से उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। किसानों का कहना है कि एक तरफ पुराना बीमा क्लेम अटका हुआ है और दूसरी तरफ वर्तमान फसल भी संकट में है।
भारतीय किसान संघ ने साफ चेतावनी दी है कि जब तक सरकार लिखित में आश्वासन नहीं देती कि 5 से 7 दिनों के भीतर किसानों के खातों में बीमा क्लेम की राशि जमा कराई जाएगी, तब तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।
फिलहाल किसानों के धरने के बावजूद कोई अधिकारी उनसे चर्चा करने मौके पर नहीं पहुंचा है। अब देखना होगा कि प्रशासन किसानों की मांगों पर क्या कदम उठाता है और उन्हें बीमा क्लेम की राशि कब तक मिल पाती है।