मोरटा केवड़ी। जब गांव की मिट्टी में पली-बढ़ी युवा पीढ़ी बदलाव का संकल्प लेती है, तो उसका असर जमीन पर भी दिखाई देने लगता है। मोरटा केवड़ी गांव के कुछ युवाओं ने करीब 20 से 25 दिन पहले सोशल मीडिया पर ‘Mortakevdi_janta_party’ नाम से इंस्टाग्राम पेज शुरू किया। कम समय में ही यह पेज ग्रामीणों की समस्याओं और उनकी आवाज को सामने रखने का माध्यम बन गया है।
युवाओं का दावा है कि सोशल मीडिया के जरिए गांव की समस्याओं को प्रमुखता से उठाने के साथ ग्रामीणों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। लंबे समय से अपनी समस्याओं को लेकर आवाज नहीं उठा पाने वाले ग्रामीणों को अब सवाल पूछने और अपनी बात जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासन तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
समस्या सामने आते ही मौके पर पहुंचती है टीम
ग्रामीणों की ओर से किसी सड़क, नाली, पानी, सफाई या अन्य विकास कार्य से जुड़ी समस्या सामने आने पर युवा टीम मौके पर पहुंचकर स्थिति का वीडियो बनाती है। इसके बाद संबंधित समस्या को सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों और जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है।
युवाओं का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष का विरोध करना नहीं, बल्कि गांव की समस्याओं को सामने लाकर जिम्मेदार लोगों तक पहुंचाना है। उनका प्रयास है कि ग्रामीण अपने अधिकारों को समझें और गांव के विकास से जुड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखें।
ग्रामीणों में बढ़ रहा भरोसा
कम समय में ही इस पहल को लेकर ग्रामीणों के बीच चर्चा बढ़ी है। गांव के सरपंच या जनप्रतिनिधियों के स्तर पर समस्या का समाधान नहीं होने पर कुछ ग्रामीण अब अपनी शिकायत युवाओं तक पहुंचा रहे हैं। इसके बाद टीम मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति को समझने और उसे सामने लाने का प्रयास करती है।
युवा टीम का मानना है कि सोशल मीडिया का इस्तेमाल केवल मनोरंजन के लिए नहीं, बल्कि गांव की समस्याओं, विकास कार्यों और जनहित के मुद्दों को उठाने के लिए भी किया जा सकता है। युवाओं की इस पहल ने गांव के लोगों में अपने अधिकारों को लेकर जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक नई शुरुआत की है।