शाजापुर। नगर में आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे आम नागरिकों का जीना मुहाल हो गया है। स्थिति यह है कि पिछले महज एक महीने के भीतर जिले में कुत्तों के काटने के 150 से अधिक मामले सामने आए हैं। इतनी बड़ी संख्या में लोगों के शिकार होने के बाद अब नगर पालिका (नपा) की कार्यशैली और सुस्त व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं।
जिला चिकित्सालय (डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल) से मिले आंकड़ों के अनुसार, पिछले एक महीने में कुल 150 डॉग बाइट के मामले इलाज के लिए पहुंचे। इस बारे में जानकारी देते हुए जिला अस्पताल के डॉ. दीपक पाटीदार ने बताया कि अस्पताल में रेबीज के टीके पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। यहां आने वाले सभी मरीजों को डॉक्टरों की सख्त निगरानी में तुरंत टीकाकरण किया जा रहा है ताकि किसी भी तरह के संक्रमण से बचा जा सके।
बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने नागरिकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या और उन पर नियंत्रण पाने में नगर पालिका की लाचारी से शहरवासियों में भारी चिंता और आक्रोश का माहौल है। लोगों ने जल्द से जल्द आवारा कुत्तों के बधियाकरण (नसबंदी) और उन्हें शहर से दूर सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने की मांग की है।