उज्जैन। विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग भगवान श्री महाकालेश्वर की आगामी राजसी सवारी को सुचारू, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस एवं महाकाल मंदिर प्रशासन हरकत में आ गया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ईस्ट) आलोक कुमार शर्मा, एडीएम अत्येंद्र सिंह गुर्जर, उप प्रशासक एस.एन. सोनी और उप प्रशासक मूलचंद जूनवाल की मौजूदगी में भजन मंडलियों के प्रमुख सदस्यों, पुलिस अधिकारियों और लाइजनिंग कर्मचारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में सवारी मार्ग को पूरी तरह क्लियर रखने, निर्धारित समय सीमा का पालन करने और कड़े अनुशासन के साथ व्यवस्थाएं संचालित करने के निर्देश दिए गए।
डीजे की आवाज तय, धारदार हथियारों के प्रदर्शन पर पूर्ण प्रतिबंध
प्रशासन ने भीड़ पर नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए निर्देश दिया है कि प्रत्येक भजन मंडली में 50 से अधिक सदस्य शामिल नहीं होंगे। इसके साथ ही सवारी के दौरान किसी भी प्रकार के ज्वलनशील पदार्थ जैसे पटाखे, कपूर या पायरो का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। सवारी में धारदार हथियारों का प्रदर्शन भी नहीं किया जा सकेगा। वहीं, भजन मंडलियों द्वारा उपयोग किए जाने वाले डीजे और साउंड सिस्टम को तय सरकारी मानकों के अनुरूप निर्धारित डेसिबल सीमा के भीतर ही बजाने की अनुमति होगी।
आपसी समन्वय से शांतिपूर्ण सवारी संपन्न कराने की अपील
बैठक में अधिकारियों ने सभी भजन मंडलियों को निर्धारित रूट और आवंटित स्थान पर ही चलने के निर्देश दिए हैं, ताकि रास्ते में किसी प्रकार की अव्यवस्था न फैले। पुलिस प्रशासन ने सभी मंडलियों के प्रतिनिधियों और लाइजनिंग अधिकारियों से आपसी तालमेल बैठाकर कार्य करने की अपील की है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने या अव्यवस्था फैलाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी, जिससे बाबा महाकाल की राजसी सवारी को शांतिपूर्ण और भव्य रूप से निकाला जा सके।