हरदा। पीएमश्री स्वामी विवेकानंद महाविद्यालय में 2026-27 सत्र में 453 सीटें खाली रह गईं। कॉलेज के अंडरग्रेजुएट के पहले साल में 1010 और पीजी के पहले साल में 740 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया। दोनों स्तरों पर कुल 1750 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया।
कॉलेज के आंकड़ों के अनुसार, 2025-26 में अंडरग्रेजुएट में 2167 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया था। इस बार यह संख्या घटकर 1010 रह गई। यानी पिछले साल की तुलना में 1157 कम विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया।
पीजी के पहले साल में भी प्रवेश कम हुए। 2025-26 में 892 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया था। इस बार 740 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया। यानी 152 प्रवेश कम हुए।
2026-27 में अंडरग्रेजुएट में 171 सीटें खाली रह गईं। पीजी में 282 सीटों पर प्रवेश नहीं हुआ। दोनों को मिलाकर 453 सीटें खाली हैं।
प्रिंसिपल बोले- विद्यार्थियों की पसंद बदल रही
कॉलेज के प्रिंसिपल राजेश गौर ने बताया कि विद्यार्थियों की प्राथमिकताएं बदल रही हैं। अब युवा सिर्फ पारंपरिक डिग्री के बजाय ऐसे कोर्स पसंद कर रहे हैं, जिनसे तकनीकी जानकारी के साथ नौकरी और करियर के बेहतर अवसर मिल सकें।
उन्होंने कहा कि हरदा के विद्यार्थी इंदौर, भोपाल, नागपुर और पुणे जैसे शहरों के कॉलेजों और संस्थानों की ओर जा रहे हैं। खासकर तकनीकी, प्रोफेशनल और रोजगार से जुड़े कोर्स विद्यार्थियों को ज्यादा आकर्षित कर रहे हैं।
स्थानीय कॉलेजों में नए कोर्स की जरूरत
कॉलेज में सीटें खाली रहने के बीच स्थानीय स्तर पर रोजगार से जुड़े नए कोर्स शुरू करने की जरूरत सामने आती है। प्रिंसिपल के अनुसार, तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास और रोजगार से जुड़े विकल्प बढ़ने से विद्यार्थियों को स्थानीय स्तर पर बेहतर विकल्प मिल सकते हैं।