दूदरसी। गांव दारू में आयोजित 108 सामुहिक तुलसी विवाह एवं श्री मद्भागवत कथा के 6टे दिन 108 सामुहिक तुलसी विवाह का आयोजन किया गया। जिसमें 108 ठाकुर भगवान श्री ठाकुर जी का विवाह संपन्न कराया गया। इस समारोह में आस-पास के गांवों से भी भगवान श्री ठाकुर जी की बारात आई।
उसी श्रृंखला में आज 16 जनवरी को गांव दूदरसी व भगवानपुरा से भी भगवान श्री ठाकुर जी बारात बड़े धूमधाम से 11 बजे निकली। सैकड़ों की तादाद में श्रद्धालु भक्त महिलाएं और पुरुष डीजे की धुन पर नाचते हुए बारात में चल रहे थे। दूदरसी से बारात चली रास्ते में भगवानपुरा से भी भगवान श्री ठाकुर जी बारात आ रही थी। दोनों बारातें एक साथ कथा स्थल पर पहुंची। गांव दूदरसी में बंशीलाल धनगर व फूलचंद पाटीदार ने व भगवानपुरा से ठाकुर प्रहलाद सिंह चुण्डावत ने सपत्नीक जोड़ों के प्रतिदिन होने वाली भागवत कथा में उपस्थित होकर यज्ञ हवन में आहुतियां दी और आज सपत्नीक भगवान श्री ठाकुर जी को अपने सर पर धारण कर कथा स्थल पर हाजिर हुए और यहां बारात में आए भगवान श्री ठाकुर जी का पांडाल में समिति की ओर से स्वागत किया गया। तत्पश्चात 108 सामुहिक तुलसी का विवाह भगवान श्री ठाकुर जी के 108 स्वरूप के रूप में विवाह भागवताचार्य पंडित श्री राधेश्याम जी सुखवाल ने पाणिग्रहण संस्कार संपन्न कराया। इस प्रकार श्री मद्भागवत कथा में संपन्न सामुहिक तुलसी विवाह में आए भगवान ठाकुर जी को कल 17 जनवरी को बिदाई दी जाएगी और कथा का विश्राम हो जाएगा।