रायसेन। सांची में शनिवार से 72वें दो दिवसीय महाबोधि महोत्सव का आगाज हो गया है। सबसे पहले सुबह 8 बजे महाबोधि सोसाइटी से शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा 9 बजे चौत्यगिरी बिहार मंदिर पहुंची। यात्रा में वियतनाम, श्रीलंका, जापान, सिंगापुर, अमेरिका से आए बौद्ध धर्म को मानने वाले अनुयायी शामिल हुए। श्रीलंका के अलग-अलग स्कूलों से आए बच्चों ने पूजन नृत्य पेश किया। महोत्सव में मध्यप्रदेश के मंत्री प्रहलाद पटेल भी शामिल हुए।
चौत्यगिरी बिहार मंदिर में सुबह 9 बजे तलघर में से जिला प्रशासन के अधिकारी और महाबोधि सोसाइटी के पदाधिकारी की मौजूदगी में ताला खोलकर भगवान गौतम बुद्ध के परम शिष्य सारीपुत्र और महामोदग्लायन की पवित्र अस्थियां निकाली गईं। उनकी विशेष पूजा अर्चना की गई। पूजा अर्चना के दौरान देश-विदेश के बौद्ध धर्म के श्रद्धालु मौजूद रहे।
कार्यक्रम में शामिल हुए विद्वानों ने भगवान बुद्ध के शांति के संदेश को जीवन में आत्मसात किए जाने की प्रेरणा दी। इस अवसर पर श्रीलंका महाबोधि सोसायटी के चीफ, लंकाजी टेंपल जापान के मुख्य संघ नायक पूज्य बानगल उपतिस्स नायक थेरो और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी अनुराधा शंकर भी मौजूद रहीं।
महाबोधि महोत्सव को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारी की है। सुरक्षा व्यवस्था की बात की जाए तो रेलवे स्टेशन से लेकर मेला स्थल पर सभी जगह चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात रहेगी। इसके लिए 300 से अधिक पुलिस जवान तैनात किए जा रहे हैं। इसके अलावा पूरे मेला स्थल पर सीसीटीवी कैमरों से नजर रखी जाएगी। भोपाल और विदिशा रोड पर अलग पार्किंग स्थल बनाए गए हैं।