प्रतापगढ़। थेवाकला विकास संस्थान के अध्यक्ष जितेश सोनी ने बताया कि प्रतापगढ़ में थेवा ज्वेलरी एवं स्पेशल क्राफ्ट से जुड़े एमएसएमई कामगारों के लिए तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम सामुदायिक भवन, प्रतापगढ़ में आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम राजस्थान सरकार के उद्योग विभाग द्वारा संचालित आरएएमपी (Raising and Accelerating MSME Performance) योजना के तहत एनआईएमएसएमई (NIMSME) को प्रशिक्षण एजेंसी नामित कर 28 नवंबर से 1 दिसंबर 2025 तक आयोजित किया गया।
प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के उद्यमियों और कामगारों को आधुनिक तकनीकों, व्यवसाय प्रबंधन और स्पेशल क्राफ्ट से जुड़े कौशलों में दक्ष बनाना था। कार्यक्रम में फ़ूड प्रोसेसिंग, सरकारी योजनाओं, बजट प्रबंधन, मार्केटिंग और नवाचार संबंधी विषयों पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया।
जिला उद्योग केंद्र की महाप्रबंधक मंजू माली ने मुख्यमंत्री रोजगार योजना, प्रधानमंत्री स्वरोजगार योजना, डॉ. भीमराव अंबेडकर अनुसूचित जनजाति ऋण योजना, एमएसएमई ऋण योजना सहित विभिन्न कल्याणकारी सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने पावरपॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से आवेदन प्रक्रिया और लाभार्थी चयन की विस्तृत जानकारी भी प्रदान की।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को केस स्टडी, वीडियो प्रस्तुति और पत्थर व थेवा ज्वेलरी से संबंधित मशीनरी का प्रत्यक्ष परिचय कराया गया। प्रतिभागियों की स्थानीय उत्पादन इकाइयों और थेवा ज्वेलरी क्लस्टर में फील्ड विजिट भी कराई गई, जहां उन्होंने उत्पादन और विपणन प्रक्रिया का अनुभव प्राप्त किया।
प्रशिक्षण में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में कोदरलाल बुनकर (समन्वयक), एडवोकेट पारस चौहान (वित्त एवं बजट विशेषज्ञ), गोपाल तलवार, ऊकार लाल बुनकर, तथा जिला उद्योग केंद्र से सुखलाल सहित अन्य मास्टर ट्रेनर उपस्थित रहे।
तीन दिवसीय शिविर में थेवाकला विकास संस्थान के उपाध्यक्ष विकास सोनी, कोषाध्यक्ष विष्णुलाल सोनी, सचिव पंकज सोनी, महामंत्री अमित सोनी, संगठन मंत्री विनोद सोनी, संरक्षक धर्मराज सोनी, वरिष्ठ थेवा कलाकार नीमा सोनी, संगीता सोनी, टीना सोनी सहित बड़ी संख्या में थेवा कलाकारों और उद्यमियों ने भाग लिया। समापन सत्र में सभी प्रतिभागियों को प्रशिक्षण पूर्णता प्रमाणपत्र वितरित किए गए।