प्रतापगढ़। ग्राम भगवानपुरा में प्रगति फाउंडेशन द्वारा रिलायंस फाउंडेशन के सहयोग से संचालित “द इम्प्रूविंग सेल्फ-रिलायंस एंड रेज़िलिएंट रूरल कम्युनिटीज़” परियोजना के अंतर्गत किसान सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में सुहागपुरा एवं धमोतर ब्लॉक के 22 गांवों से लगभग 400 किसानों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि आत्मा परियोजना के निदेशक श्री गोपाल नाथ योगी रहे। विशिष्ट अतिथियों में पशुपालन विभाग से संयुक्त निदेशक श्री श्रीनिवास, बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान के श्री श्रीनिवास, कृषि विभाग के सहायक कृषि अधिकारी, एफईएस संस्था से श्री महिपाल सिंह सिसोदिया, पहल फाउंडेशन से श्री मोहम्मद वसीम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रगति फाउंडेशन के परियोजना समन्वयक श्री प्रवीण कुमार वैष्णव ने कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि संस्था प्रतापगढ़ जिले में ग्रामीण विकास, आत्मनिर्भरता एवं जलवायु अनुकूल (क्लाइमेट रेसिलिएंट) गांवों के निर्माण की दिशा में कार्य कर रही है।
आत्मा परियोजना के निदेशक श्री योगी ने किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों एवं सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान के निदेशक श्री श्रीनिवास ने स्वरोजगार, स्वयं का व्यवसाय शुरू करने एवं कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रमों पर विस्तार से जानकारी दी।
पशुपालन विभाग से डॉ. गौरव ने पशुओं के रखरखाव, मौसमी बीमारियों एवं टीकाकरण पर मार्गदर्शन दिया। एफईएस संस्था के श्री महिपाल सिंह ने ग्राम विकास एवं प्राकृतिक संसाधन संरक्षण, विशेषकर चरागाह विकास पर जानकारी दी। राजीविका प्रतापगढ़ के आजीविका प्रबंधक श्री कपिल सोनी ने महिलाओं के लिए संचालित योजनाओं एवं आजीविका संवर्धन कार्यक्रमों की जानकारी दी।
रिलायंस फाउंडेशन के जिला परियोजना प्रबंधक श्री विक्रम सिंह सिसोदिया ने बताया कि परियोजना का उद्देश्य गांवों को आत्मनिर्भर बनाते हुए उन्हें जलवायु परिवर्तन के प्रति सक्षम बनाना है।
कार्यक्रम में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर कृषि की नवीन तकनीकें, स्प्रे मशीन, रेन पाइप, बीज उपचार मशीन, बकरी पालन मॉडल, पशु चिकित्सा किट, ग्राम विकास योजना मॉडल, फेरोमोन ट्रैप, येलो स्टिकी ट्रैप, स्प्रिंकलर एवं चरागाह विकास से संबंधित जानकारी प्रदर्शित की गई।
कार्यक्रम में प्रगति फाउंडेशन की टीम से थीम कोऑर्डिनेटर विनिता चौहान, दुर्गा शंकर कुमावत, मदनलाल मीणा, पिंटू कुमार मीणा, राजूलाल गायरी, रणजीत मीणा, पुष्कर गायरी, पुष्करलाल मीणा, गायत्री कुमावत एवं निर्मला मीणा सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
सम्मेलन का उद्देश्य किसानों को सरकारी योजनाओं से जोड़कर उनकी आय में वृद्धि करना तथा सतत विकास एवं प्राकृतिक कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना रहा।