उज्जैन। चाइनीज मांझे से हो रही लगातार घटनाओं को देखते हुए उज्जैन पुलिस ने दुपहिया वाहनों पर एंटी डोर प्रोटेक्टर (तार का घेरा) लगाने का अभियान शुरू किया है। यह अभियान मकर संक्रांति तक जारी रहेगा। यातायात पुलिस बुधवार को हरिफाटक चौराहे पर दुपहिया वाहनों में एंटी डोर प्रोटेक्टर लगाएगी।
पिछले करीब 3 महीनों में चाइनीज मांझे से गला कटने की घटनाओं में अब तक 8 लोग गंभीर रूप से घायल हो चुके हैं। पुलिस लगातार चाइनीज मांझा बेचने और खरीदने वालों पर कार्रवाई कर रही है, लेकिन इसके बावजूद हो रही घटनाओं पर कंट्रोल पाने के लिए एसपी प्रदीप शर्मा के निर्देश पर दुपहिया वाहनों में एंटी डोर प्रोटेक्टर लगाने की मुहिम शुरू की गई है।मंगलवार को पुलिस कंट्रोल रूम में एसपी की मौजूदगी में ट्रैफिक डीएसपी दिलीप सिंह परिहार ने अपनी टीम के साथ 50 दुपहिया वाहनों पर निशुल्क एंटी डोर प्रोटेक्टर लगाए और वाहन चालकों को इस सुरक्षा उपकरण के महत्व के बारे में जानकारी दी।
एसपी प्रदीप शर्मा ने बताया कि चाइनीज मांझे से जुड़ी घटनाओं के बाद अब तक करीब 20 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि दुपहिया वाहनों में एंटी डोर प्रोटेक्टर लगाने से गले, चेहरे और हाथों पर गंभीर चोट लगने की आशंका काफी हद तक कम की जा सकती है।
इससे पहले प्रशासन ने यह कदम उठाए
उज्जैन में पुलिस ने नगर निगम के साथ मिलकर सभी ब्रिजों पर लोहे के तार लगाए हैं। कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने चाइनीज मांझे पर प्रतिबंध लगाया है। चाइनीज मांझा बेचने के मामलों में करीब 20 लोगों को पकड़कर एक लाख रुपए का मांझा जब्त किया गया। आरोपियों का जुलूस निकाला गया और पुलिस ने व्यापारियों के यहां सघन जांच के साथ-साथ चाइनीज मांझे का उपयोग न करने को लेकर फ्लेक्स भी लगवाए।