मनासा। नगर में हिंदू समाज की एकता, सांस्कृतिक चेतना और धार्मिक मूल्यों के संरक्षण को लेकर दो बस्तियों में भव्य हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम को लेकर क्षेत्र में उत्साह और धार्मिक माहौल देखने को मिला।
सम्मेलन की शुरुआत माताओं और बहनों द्वारा कलश यात्रा के साथ हुई। बड़ी संख्या में समाजजन, युवा और वरिष्ठ नागरिकों ने सहभागिता कर आयोजन को सफल बनाया।
मुख्य अतिथि के रूप में नटवर अटवाल, अनिल की जैन, नरोत्तम शर्मा, प्रेरणा ठाकरे, पायल शर्मा, प्रमोद गांधी, मदन कुशवाह उपस्थित थे। वक्ताओं ने सनातन संस्कृति, सामाजिक समरसता और राष्ट्रहित में एकजुट रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज की शक्ति उसकी एकता में निहित है और ऐसे सम्मेलन आने वाली पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ने का कार्य करते हैं। विशेष रूप से पंच परिवर्तन पर जोर दिया गया।
दोनों बस्तियों में आयोजित सम्मेलनों में भजन-कीर्तन, धार्मिक उद्बोधन और समाजहित से जुड़े विचार प्रस्तुत किए गए। युवाओं की भागीदारी सराहनीय रही, जिन्होंने आयोजन की व्यवस्थाओं से लेकर जनसंपर्क तक सक्रिय भूमिका निभाई।
आयोजकों ने बताया कि हिंदू सम्मेलन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक सोच, धर्म के प्रति आस्था और आपसी भाईचारे को मजबूत करना है। सम्मेलन के समापन पर विश्व हिंदू समाज की एकता, शांति और समृद्धि की कामना की गई। इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। समापन में भारत माता की आरती हुई।