दतिया। जिले में लगातार बढ़ते अपराधों के बाद दतिया की राजनीति में जबरदस्त उबाल आ गया है। हत्या और अन्य गंभीर वारदातों को लेकर कांग्रेस और भाजपा के चिर-प्रतिद्वंद्वी नेताकृकांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती और पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्र एक-दूसरे के आमने-सामने आ गए हैं। जनवरी की ठंड के बीच दतिया में सियासत का पारा इस समय चरम पर है। गुरुवार को दतिया में आयोजित प्रेस वार्ता में कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती ने पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा और जिला प्रशासन पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जिले में आए दिन हत्या, बलात्कार जैसी गंभीर घटनाएं हो रही हैं, जिससे आमजन में भय का माहौल है। भारती ने आरोप लगाया कि जिले में अवैध उत्खनन खुलेआम चल रहा है और इसके पीछे भाजपा नेताओं, अधिकारियों और माफिया का गठजोड़ है। उन्होंने कहा कि माफिया भाजपा नेताओं के संरक्षण में सरकारी जमीनों पर कब्जा कर उन्हें बेच रहे हैं। इतना ही नहीं, बसई क्षेत्र में पूर्व गृहमंत्री के रिश्तेदारों द्वारा पुलिस से मिलीभगत कर खुलेआम जुआ खिलवाने का भी आरोप लगाया।राजेंद्र भारती के इन आरोपों पर पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने भाजपा के एक कार्यक्रम में करारा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि उन पर आरोप लगाना आसान है, लेकिन राजेंद्र भारती बताएं कि उन्होंने ढाई साल में दतिया के लिए कौन-सा ठोस विकास कार्य किया है। विधायक निधि से दी जाने वाली सहायता किन लोगों को मिल रही है, इसका भी जवाब दिया जाना चाहिए। मिश्रा ने सवाल उठाया कि यदि जिले में अपराध बढ़ रहे हैं तो विधायक विधानसभा में इस मुद्दे को क्यों नहीं उठाते। उन्होंने कहा कि यदि प्रश्न लगाए भी जाते हैं तो वे सदन में अनुपस्थित क्यों रहते हैं और डीजीपी से शिकायत क्यों नहीं करते। नरोत्तम मिश्रा ने यह भी दावा किया कि दतिया के कलेक्टर और एसपी को राजेंद्र भारती एक आईएएस अधिकारी के माध्यम से जिले में लाए हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने अपनी ही सरकार के कलेक्टर और एसपी को अकर्मण्य और नकारा तक कह दिया। कुल मिलाकर कांग्रेस और भाजपा नेताओं के तीखे आरोप-प्रत्यारोप से दतिया की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। यह सियासी टकराव कब और कहां थमेगा, यह आने वाला समय ही बताएगा।